हमको डाल पर रहने दो

सुमन हमारा नाम सजीला
अच्छा मन हम रखते हैं।
हमको चाहे कोई ले-ले,
खुशबू बांटते रहते हैं॥
हम कोमल हैं बच्चों जैसे,
हाथ लगाने से झर जाते,
हमको कोमल रहने दो।
हाथ लगाने से झर जाते,
हमको डाल पर रहने दो॥

परिचय - लीला तिवानी

लेखक/रचनाकार: लीला तिवानी। शिक्षा हिंदी में एम.ए., एम.एड.। कई वर्षों से हिंदी अध्यापन के पश्चात रिटायर्ड। दिल्ली राज्य स्तर पर तथा राष्ट्रीय स्तर पर दो शोधपत्र पुरस्कृत। हिंदी-सिंधी भाषा में पुस्तकें प्रकाशित। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं।