ब्लॉग/परिचर्चास्वास्थ्य

रक्तदान: दे सकता है जीवनदान

आज विश्व रक्तदान दिवस है. कुछ लोग सोचते हैं कि ब्लड डोनेट नहीं करना चाहिए क्योंकि इससे कई तरह के साइट-इफेक्ट हो सकते हैं. दरअसल, लोगों में कई तरह की भ्रांतियां हैं जिसके कारण वे रक्तदान करने से परहेज करते हैं, जबकि इससे किसी की जिंदगी बचाई जा सकती है-
रक्तदान की एक इकाई,
दे सकती किसी को जीवनदान,
दुर्घटना-रण में घायल-हित,
रक्तदान है महादान.

कुछ भ्रांतियां, जो बिलकुल गलत हैं-

1.दुबले लोग रक्तदान करने के लिए अयोग्य होते हैं.
2. महिलाएं रक्तदान नहीं कर सकती हैं.
3.ब्लड डोनेशन से तकलीफ होती है.
4.शाकाहारी लोगों के लिए रक्तदान

करना ठीक नहीं.
5.हमारे शरीर में ब्लड सीमित है और दूसरे को खून देना स्वास्थ्य के लिए ठीक नहीं होता है.
6.कुछ लोग इस कारण भी ब्लड डोनेट करने से हिचकते हैं क्योंकि वे दवा खा रहे होते हैं.

वास्तव में अस्थि मज्जा के भीतर स्टेम सेल्स टूटकर खून के कई घटक बनाते रहते हैं। ये सेल्स लगातार बनते हैं क्योंकि ये कुछ घंटों से लेकर 12 दिनों में खत्म हो जाते हैं। जब आप ब्लड डोनेट करते हैं तो आपके शरीर को रेड ब्लड सेल्स में कमी का सिग्नल मिलता है। इससे अतिरिक्त RBCs का निर्माण होता है। ऐसे में ब्लड डोनेशन सामान्य होता है और यह किसी भी तरह से आपको बीमार नहीं बनाता. ज्यादातर मामलों में दवा लेने के कारण आप ब्लड डोनेट करने के लिए अयोग्य नहीं हो सकते हो. डॉक्टर पहले ही आपकी दवा और इलाज का आकलन करते हैं कि ब्लड डोनेशन से कोई खतरा तो नहीं है. अगर आपको भी इस तरह की गलतफहमी थी तो अब आगे बढ़िए और ब्लड डोनेट कर महादान कीजिए। आपका ब्लड किसी की जान भी बचा सकता है. बी.पी. और पीलिया के रोगी ब्लड डोनेशन नहीं कर सकते.

 

डॉक्टर की सलाह पर बेहिचक रक्तदान कीजिए, औरों की जान बचाइए, खुद को संतुष्ट कीजिए.

 

रक्तदान पर लीला तिवानी के ब्लॉग
जागरुकता (लघुकथा)
रक्तदान : महादान

 

आज ही किसान दिवस भी है. किसान यानी अन्नदाता-

अन्नदाता की कद्र कीजिए,
किसानों को धन्यवाद दीजिए.

श्रमिक की महिमा कम मत समझो,
श्रमिक से सुंदर यह संसार,
श्रमिक ही नींव है इस धरती के,
स्नेह-प्यार उसका अधिकार.

जय जवान, जय किसान,
दोनों का है काम समान,
जवान देश का रक्षादाता,
अन्नदाता है किसान महान.

*लीला तिवानी

लेखक/रचनाकार: लीला तिवानी। शिक्षा हिंदी में एम.ए., एम.एड.। कई वर्षों से हिंदी अध्यापन के पश्चात रिटायर्ड। दिल्ली राज्य स्तर पर तथा राष्ट्रीय स्तर पर दो शोधपत्र पुरस्कृत। हिंदी-सिंधी भाषा में पुस्तकें प्रकाशित। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं। लीला तिवानी 57, बैंक अपार्टमेंट्स, प्लॉट नं. 22, सैक्टर- 4 द्वारका, नई दिल्ली पिन कोड- 110078 मोबाइल- +91 98681 25244

One thought on “रक्तदान: दे सकता है जीवनदान

  • लीला तिवानी

    आज रक्तदान दिवस भी है और किसान दिवस भी. रक्तदान कीजिए, किसानों को धन्यवाद दीजिए.

    डॉक्टर की सलाह पर बेहिचक रक्तदान कीजिए, औरों की जान बचाइए, खुद को संतुष्ट कीजिए.

    अन्नदाता की कद्र कीजिए,
    किसानों को धन्यवाद दीजिए.

Comments are closed.