‘प्रॉमिस डे’

देश-विदेश में
हम सब मना रहे हैं
‘वेलेंटाइन वीक’
इस ‘वेलेंटाइन वीक’ में
नहीं होगी महज पुरानी लीक
कुछ नया करने का सोचेंगे
और वादों को पूरा करने के संकल्प के साथ
आज प्रॉमिस डे’ मनाएंगे.

लोग कहते हैं
‘प्रॉमिस डे’
वादा या वादे करने का दिन है
हम कहते हैं
‘प्रॉमिस डे’
न सिर्फ आप प्रॉमिस करने का दिन होता है
बल्कि उस प्रॉमिस को निभाने का
संकल्प करने का भी दिन होता है
संकल्प
सदैव सबसे स्नेह-प्रेम करने का
देश का हित चाहने का
पर्यावरण को शुद्ध रखने का
सकारात्मकता बनाए रखने का
दिखावे के लिए अनाप-शनाप खर्च न करने का
सचमुच दीन-दुखियों की मदद करने का
इंसानियत को जीवंत रखने का
विवाद छोड़कर संवाद की राह पर चलने का
ईमानदारी से चलने का
भ्रष्टाचार को न पनपने देने का
अपनी मदद खुद करने का
साहस और लगन से आगे बढ़ने का
मताधिकार का प्रयोग अवश्य करने का
हमारे वोट के सही अधिकारी को वोट देने का
यही प्रॉमिस
यही संकल्प
हमें असली प्रेम सिखाएगा
हमारी इंसानियत को जिंदा रखेगा.

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परिचय - लीला तिवानी

लेखक/रचनाकार: लीला तिवानी। शिक्षा हिंदी में एम.ए., एम.एड.। कई वर्षों से हिंदी अध्यापन के पश्चात रिटायर्ड। दिल्ली राज्य स्तर पर तथा राष्ट्रीय स्तर पर दो शोधपत्र पुरस्कृत। हिंदी-सिंधी भाषा में पुस्तकें प्रकाशित। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं।