नववर्ष की बधाई

नये साल की तुम्हें बधाई !

नव पल्लव आये शाखों पर।
हुए चंपई पीपल , पाकर ।
बाग-बाग रितुराज आगमन,
पतझड़ की हो गई विदाई ।
नये साल की तुम्हें…………..

नव कलियाँ सब पुष्प हो गये ।
मधुप रसिक रस बीच खो गये।
नव सौरभ ले हवा चल पड़ी ,
दिग दिगंत को है महकाई ।
नये साल की ……………

नव महुआ ,ऊषा महकाये ।
प्रातः मोती सा बिछ जाये ।
पंचम स्वर में कोयल गाये ,
देखो मुस्काई अमराई ।
नये साल की………….

जन जन मे इक नव उमंग है।
सकल प्रकृति मे नया रंग है।
ग्रामदेवता की नवखुशियाँ ,
नयी फसल द्वारे तक आई ।
नये साल …………….

————© डॉ.दिवाकर दत्त त्रिपाठी

परिचय - डॉ दिवाकर दत्त त्रिपाठी

नाम डॉ दिवाकर दत्त त्रिपाठी आत्मज श्रीमती पूनम देवी तथा श्री सन्तोषी . लाल त्रिपाठी जन्मतिथि १६ जनवरी १९९१ जन्म स्थान हेमनापुर मरवट, बहराइच ,उ.प्र. शिक्षा. एम.बी.बी.एस. पता. रूम न. ,१७१/१ बालक छात्रावास मोतीलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज इलाहाबाद ,उ.प्र. प्रकाशित पुस्तक - तन्हाई (रुबाई संग्रह) उपाधियाँ एवं सम्मान - साहित्य भूषण (साहित्यिक सांस्कृतिक कला संगम अकादमी ,परियावाँ, प्रतापगढ़ ,उ. प्र.) शब्द श्री (शिव संकल्प साहित्य परिषद ,होशंगाबाद ,म.प्र.) श्री गुगनराम सिहाग स्मृति साहित्य सम्मान, भिवानी ,हरियाणा अगीत युवा स्वर सम्मान २०१४ अ.भा. अगीत परिषद ,लखनऊ पंडित राम नारायण त्रिपाठी पर्यटक स्मृति नवोदित साहित्यकार सम्मान २०१५, अ.भा.नवोदित साहित्यकार परिषद ,लखनऊ इसके अतिरिक्त अन्य साहित्यिक ,शैक्षणिक ,संस्थानों द्वारा समय समय पर सम्मान । पत्र पत्रिकाओं में निरंतर लेखन तथा काव्य गोष्ठियों एवं कवि सम्मेलनों मे निरंतर काव्यपाठ ।