अड़ियल रवैया

इस बार वर्ल्ड कप में,
गिल्लियों का रवैया बदला हुआ दिखा,
स्टम्प्स से टकराई गेंद,
लेकिन गिरी नहीं गिल्ली,
लगातार पांचवे मैच में गिल्लियों ने,
फिर से दिया धोखा,
प्लास्टिक की हल्की गिल्लियों का,
दावा निकला फोका!
गिल्लियों ने जो कुछ किया अच्छा किया,
गिल्लियों की वजह से,
कुछ बल्लेबाजों की किस्मत चमक उठी,
गेंदबाज ने समझा बल्लेबाज गया,
पर ऐम्पायर की उंगली तो नहीं ही उठी.
गिल्लियों के अड़ियल रवैये ने,
खड़ा कर दिया है बवाल,
ये गिल्लियां रहेंगी या जाएंगी,
अब तो यही है सवाल!

परिचय - लीला तिवानी

लेखक/रचनाकार: लीला तिवानी। शिक्षा हिंदी में एम.ए., एम.एड.। कई वर्षों से हिंदी अध्यापन के पश्चात रिटायर्ड। दिल्ली राज्य स्तर पर तथा राष्ट्रीय स्तर पर दो शोधपत्र पुरस्कृत। हिंदी-सिंधी भाषा में पुस्तकें प्रकाशित। अनेक पत्र-पत्रिकाओं में नियमित रूप से रचनाएं प्रकाशित होती रहती हैं।