धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

चीन अश्वत्थामा है

अश्वत्थामा द्रोणाचार्य का पुत्र था और कौरवों तथा पाण्डवों के साथ ही उसने अपने पिता द्रोणाचार्य से शस्त्र-विद्या की शिक्षा ली थी। द्रोणाचार्य ने ब्रह्मास्त्र की शिक्षा केवल अर्जुन को ही दी थी। अश्वत्थामा और कर्ण को उन्होंने ब्रह्मास्त्र की शिक्षा नहीं दी थी क्योंकि वे इन्हें ब्रह्मास्त्र के लिए उचित पात्र नहीं मानते थे। […]

राजनीति

एक पाती प्रियंका वाड्रा गांधी के नाम

प्रिय पिंकी बचिया, बनारसी चाचा के प्यार-दुलार कुबुल करो। आगे समाचार इ हौ कि आजकल योगीजी पर तोहरे ट्विट के काफी चर्चा हो रही है। तुम योगीजी पर सोते-जागते, उठते-बैठते रोजे ट्विट कर रही हो। इ ठीक नाहिं बा। बिटिया, एगो जवान मेहरारू के पराये पुरुष से हमेशा ट्विटिंग में उलझे रहना नीक काम नाहि […]

राजनीति

आपात्काल : स्वतन्त्र भारत का काला इतिहास

जो देश अपने इतिहास को भूल जाता है, उसका भूगोल भी बदल जाता है। हमारे देश का भूगोल बार-बार इसलिए बदला कि हम अपने इतिहास से कोई सबक नहीं ले पाए, बल्कि उसे भूल भी गए। कांग्रेसियों और वामपन्थियों ने हमारी पाठ्य पुस्तकों और इतिहास में सप्रयास इतनी झूठी बातें लिखीं और फैलाई कि नई […]

राजनीति

केन्द्रीय सरकार का भावी एजेंडा

हर आम चुनाव के बाद गठित सरकार के भावी एजेंडे को संसद का संयुक्त सत्र बुलाकर महामहिम राष्ट्रपति के अभिभाषण के माध्यम से जनता तक पहुंचाने की परंपरा रही है। इसी परंपरा का निर्वाह करते हुए कल दिनांक २० जून को महामहिम राष्ट्रपति महोदय ने संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया। उन्होंने देश की […]

सामाजिक

क्या सचमुच न्याय अन्धा होता है

सुप्रीम कोर्ट के चीफ़ जस्टिस रन्जन गोगोई द्वारा पिछले वर्ष १०-११ अक्टुबर को अपने आवासीय कार्यालय में अपनी ही ३५ वर्षीया महिला जूनियर कोर्ट सहायक से कथित यौन उत्पीड़न का मामला चुनावी शोरगुल में दब गया था। लेकिन अब जब देश को एक स्थाई सरकार मिल चुकी है और चुनाव का माहौल खत्म हो चुका […]

राजनीति

एक पाती राहुल बचवा के नाम

प्रिय पप्पू, आज बहुत दिनों के बाद तोहरे पास पाती पेठा रहे हैं। का करीं बचवा, हम भी चुनाव के नतीजों का तोहसे कम बेचैनी से इन्तज़ार नहीं कर रहे थे। सोचे थे कि तुम जीतोगे तो जोरदार बधाई देंगे, लेकिन ई मोदिया सब तहस-नहस कर दिया। पिछले विधान सभा चुनाव में तुम्हारे कुर्ते का […]

सामाजिक

जज या थानेदार

कल २५ अप्रेल को सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पर एक महिला के यौन उत्पीड़न के मामले की सुनवाई के दौरान जस्टिस अरुण मिश्रा ने जो धमकी दी, साधारणतया कोई थानेदार भी सार्वजनिक रूप से किसी को नहीं देता। सुनवाई के दौरान जस्टिस मिश्रा ने कहा — अमीर-ताकतवर, सुन लो, आग से मत खेलो। हमें […]

धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

राम-जन्मभूमि मन्दिर अयोध्या की प्राचीनता

प्रो. दीनबन्धु पाण्डेय अद्‍भुत प्रतिभा धनी के इतिहासकार हैं। वे काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के कला इतिहास एवं पर्यटन प्रबन्धन विभाग के अध्यक्ष रहे हैं। सेवानिवृत्ति के बाद उनके शोध और कार्यक्षेत्र का और विस्तृत विकास हुआ। उनकी सबसे बड़ी विशेषता है कि बिना पुष्ट प्रमाण के वे एक वाक्य भी नहीं लिखते हैं। संप्रति वे […]

हास्य व्यंग्य

मेनका — Me too

Me too अभियान की सफलता से प्रोत्साहित स्वर्ग की अप्सरा मेनका ने भी ब्रह्मर्षि विश्वमित्र के खिलाफ सीधे भारत के सुप्रीम कोर्ट में यौन उत्पीड़न का मामला दायर किया। चूंकि मामला हाई प्रोफ़ाइल था, इसलिए सुप्रीम कोर्ट ने इसे सुनवाई के लिए स्वीकार कर लिया। मेनका के समर्थन में प्रशान्त भूषण, इन्दिरा जयसिंह, कपिल सिब्बल […]

सामाजिक

विकृति को बढ़ावा देनेवाले फैसले

सुप्रीम कोर्ट देश का सर्वोच्च न्यायालय है। इसके फैसले कानून बन जाते हैं। अतः जिस फैसले से समाज का स्वस्थ तानाबाना तार-तार होता है, उसपर गंभीरता से विचार करने के बाद ही निर्णय अपेक्षित है। हाल में सुप्रीम कोर्ट के कुछ ऐसे फैसले आये हैं जिससे समाज में विकृति फैलने की पर्याप्त संभावनाएं हैं, भारत […]