राजनीति

नेहरुजी को श्रद्धांजलि

आज (14 नवम्बर को) भारत के प्रथम प्रधानमंत्री स्व. जवाहर लाल नेहरू की १२५वीं जयन्ती है। भारत सरकार अधिकृत रूप से इसे आज मना रही है और नेहरूजी की विरासत पर अपना एकाधिकार माननेवाली सोनिया कांग्रेस ने इसे एक दिन पहले ही मना लिया। लोक-परंपरा का निर्वाह करते हुए मैं भी सोच रहा हूं कि […]

राजनीति

कांग्रेस के क्या लगते हैं राबर्ट वाड्रा

सत्ता चली गई लेकिन नशा नहीं गया। राबर्ट वाड्रा ने एक सवाल के जवाब में पत्रकार के साथ बदसलूकी की, उसका कैमरा फेंक दिया। जो भी हुआ, उसपर माफ़ी मांगने की नैतिक जिम्मेदारी स्वयं वाड्रा की थी। उसके बाद यह जिम्मेदारी क्रमवार प्रियंका, सोनिया और राहुल की बनती है क्योंकि वाड्रा उनके परिवार के अंग […]

भाषा-साहित्य

महाभारत-१

महाभारत की रचना महर्षि वेद व्यास ने की। यह भारत का सर्वाधिक प्रचलित ग्रन्थ है जिसमें वह सबकुछ है जो इस लोक में घटित हुआ है, हो रहा है और होनेवाला है। यह हमें अनायास ही युगों-युगों से चले आ रहे उस संघर्ष की याद दिलाता है जो मानव हृदय को आज भी उद्वेलित कर […]

अन्य लेख

मंगल पर ऐतिहासिक विजय

२४ सितम्बर, २०१४ का वह सुहाना सवेरा क्या कोई भारतीय भूल पाएगा? शायद कभी नहीं। यह दिन हमारे लिये उतना ही गौरवशाली और ऐतिहासिक है जितना अमेरिकियों के लिए २१ जुलाई १९६९ था जिस दिन नील ए. आर्मस्ट्रौन्ग ने चन्द्रमा पर पहला कदम रखा था। भारतीय वैज्ञानिकों ने वह कर दिखाया जिसे सारी दुनिया असंभव […]

कहानी

रमा

ज़िन्दगी क्या चीज है, समझ न आए कभी — हँसी थमी नहीं, रुला देती है. बड़ी जटिल हैं इसकी राहें. आदमी बहुत कोशिश करता है कि अपनी राहों को हमेशा कंटकों से मुक्त रखे. लेकिन सबकुछ क्या अपने वश में होता है? बार-बार आदमी नियति के हाथों पराजित होता है, पर संघर्ष करना भी तो […]

राजनीति

ये संवैधानिक पद

राष्ट्रपति, राज्यपाल, सी.ए.जी., मानवाधिकार आयोग का अध्यक्ष और विश्वविद्यालयों के वाईस चान्सलर आदि के पद संवैधानिक मान्यता प्राप्त पद हैं लेकिन पिछले ६५ वर्षों में इन पदों पर सत्ताधारी पार्टियों ने जिस तरह योग्यता और प्रतिभा की अनदेखी कर अपने चमचों की नियुक्तियां की है, उससे न सिर्फ़ इन पदों की गरिमा घटी है बल्कि […]

राजनीति

फ़िरकापरस्त और कश्मीर की बाढ़

  आज का समाचार है कि कश्मीर में चार लाख लोग अभी भी बाढ़ में फ़ंसे हैं। राहत कार्य में सेना के एक लाख जवान जुटे हैं। ६० हजार लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया। कश्मीर में अपनी जान को जोखिम में डालकर बाढ़ पीड़ितों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचानेवाले सेना के ये वही […]

धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

रक्षाबन्धन – पौराणिक मान्यता

बहुत पुरानी मान्यता है कि वैदिक युग में महाबली दानवराज बली को लक्ष्मीजी ने सावन पूर्णिमा के दिन रक्षासूत्र बांधकर अपने पति श्रीविष्णु भगवान को बाली की दासता से मुक्त कराया था –दानवराज बली महान दानी, शूरवीर, धर्मपारायण, सहृदय प्रजापालक और तीनों लोकों में सबसे अधिक प्रतापी और यशस्वी राजा थे। दानव कुल में जन्म […]

राजनीति

एक पाती राहुल बबुआ के नाम

प्रिय राहुल बबुआ, जब से तुम्हारी पार्टी लोकसभा का चुनाव हारी, हम सदमे में चले गये। उत्तराखण्ड में हुए उपचुनाव में तीनों विधान सभा की सीटें कांग्रेस ने जीत ली है। इस खबर से इस मुर्दे में थोड़ी जान आई है। इसीलिये आज बहुत दिनों के बाद एक पाती लिख रहा हूं। बेटा, हिम्मत मत […]

ब्लॉग/परिचर्चा राजनीति

किराये का मकान और केजरीवाल

आदमी अपने कर्मों के कारण कितनी जल्दी अर्श से फ़र्श पर आता है, इसका ताज़ातरीन उदाहरण हैं आप के नेता अरविन्द केजरीवाल। जो आदमी कुछ ही दिन पहले दिल्ली की जनता का हीरो था, आज ज़ीरो है। उसको शरण देने के लिये दिल्ली में कोई तैयार नहीं हो रहा है। समाचार है कि दिल्ली में […]