Author :

  • जीवन क्या है

    जीवन क्या है

    जीवन के  आपाधापी में, यह सोच न पाया कि जीवन क्या है? क्या बुरा किया क्या भला किया, कैसे बीत गए पल सारे। हर तरफ अँधेरा है भागमभाग है, सोच नहीं पा रहा है किस तरफ...

  • डेमोक्रेसी

    डेमोक्रेसी

    डेमोक्रेसी क्या है, प्रियतम के वादों  की तरह होती है, प्रियतम के वादे तो पूरे हो जाते है, पर डेमोक्रेसी के वादे पूरे होते नहीं। डेमोक्रेसी भाईचारे की तरह होती है, जो होता तो है पर...

  • चुनावी मौसम

    चुनावी मौसम

    यूं तो मौसम चार होते हैं, हर 5 साल बाद पांचवा मौसम आता है, वह चुनाव का मौसम कहलाता है। इस मौसम में हरियाली ज्यादा होती है, सभी को दिव्यस्वप्न   दिखाई देते हैं। नेता जो कल...

  • आम के बौर सी जिंदगी

    आम के बौर सी जिंदगी

    आ गया बसंत का मौसम, लग गए आम में बौर। उनकी खुशबू लुभाने लगी, हरे हरे पत्तों में झांकती पीले पीले आम की बौर। आंधियों में कुछ झड़ जाएंगे बौर, कुछ खड़े रहेंगे सीना तान। कुछ ...

  • जिंदगी के रूप

    जिंदगी के रूप

    जिंदगी तेरा अजब ही रंग ढंग है, किसी के पास ज्यादा तो किसी के पास कम है, क्या क्या रंग दिखाती है जिंदगी, बच्चे से बड़ा इंसान बनाती है जिंदगी। मां बाप को पूछते नहीं आजकल...


  • नन्हा बच्चा

    नन्हा बच्चा

    एक नन्हा बच्चा जब आता है वह कितनी खुशियां लाता है, मां के उदर से बाहर आने तक वह कितनी मुश्किल सहता है, वह नन्हीं सी जान जिसे माता की गोद प्यारी, मा का पहलाा स्पर्श...

  • कविता – आतंकवाद

    कविता – आतंकवाद

    आतंकवाद से मुक्त करो भारत की हर मां धन्य है, जिन्होंने ऐसे सपूतों को जन्म दिया। भारत माता पर कुर्बान होने को, सब बेटे दंभ भरते हैं। कुछ ताकतो ने भारत मां को, फिर से ललकारा...

  • पिता का वादा

    पिता का वादा

    एक विशाल पेड़ होते है पिता, जिसकी छाँव में सुकून मिलता है, हमें चलना सीखते है पिता, हमसे वादा करते है पिता, वो कभी हमें गलत रस्ते पर चलने नहीं देंगे। वो हमेशा हमारा हाथ थाम...

  • कविता

    कविता

    बहुत याद आता हैं किताबों में रखें सूखे फूल, बहुत याद आता हैं। दोस्तों का प्यार, लड़ाई, बहुत याद आता हैं। गुजरे हुए वक्त की बातें, बहुत याद आता हैं। बचपन की शरारतें बातें, बहुत याद...