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  • ऐसा बने

    ऐसा बने

    दिल न कभी किसी का दुखाये बुझते दीपक की लौ बन जाईये। काम हमेशा सब का करते जाईये राह के कांटे सबके चुनते जाईये। कई गम अगर दिल में यदि हो भी पर दूसरो के खातिर...

  • पर्यावरण बचाओ

    पर्यावरण बचाओ

    कितनी सुन्दर छटा निराली, प्रकृति में चारों ओर हरियाली । कलकल कर रही है नदियां झरने सुना रहे है मधुर संगीत, नाचे मोर बदरिया देख काली देखो प्रकृति में चारों ओर हरियाली । सुन्दर फूल खिले...


  • पर्यावरण बचाएं

    पर्यावरण बचाएं

    पेड़ों से इस धरा को सजाएँ वातावरण स्वच्छ बनाये आओ पर्यावरण बचाएं सब मिल के पेड़ लगाएं प्रदूषित कर दिया नदियों का पानी और तबाह हो रही है जिंदगानी जहाँ तहाँ मत कूड़ा फेंको धरा का...


  • कोशिश

    कोशिश

    कभी हँसकर,कभी रोकर कभी रूठकर,कभी मनाकर कभी घुटकर, कभी खुलकर कभी कहकर, कभी सहकर कभी चुपचाप,कभी खामोशी कभी बोलकर,कभी समझौते कभी कभार लड़- झगड़कर भी कभी समझकर, कभी समझाकर कभी परायों को देखकर कभी अपनों के...

  • 4 कवितायेँ

    4 कवितायेँ

    माँ माँ करूणा की बहती दरिया माँ ममता का बहता झरना माँ प्रेम की भरी गगरिया माँ पूजा की थाल।। माँ बसन्त की बहार है माँ सावन की फुहार माँ फूलों की सुगऩ्द है माँ बच्चे...

  • मां

    मां

    मां लक्ष्मी है दौलत है सच्चाई है आधार है रिस्तो की शक्ति है सम्बल है जीवन का विश्वास है एहसास है प्यार का दुलार का जिसे पाते ही हम भूल जाते है सब दुःख दर्द जिसके...

  • बेटियाँ

    बेटियाँ

    बेटियां प्रकृति की देन है, बेटियां देवदूत,देव कन्याएँ है, कोमल इनकी भावनाएँ है, बेटियां अप्सराएँ है, लक्ष्मी, सरस्वती, सावित्री है। बेटियां अन्नपूर्णा सी उपमाएँ बेटियां वेदों सी पवित्र है, बेटियां संस्कारो की धरोहर है, बेटियां नव...