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  • ढीट भालू

    ढीट भालू

      बोला भालू शेर से – “शेरू मेरे यार”। काफी दिन हैं हो गये, चलो आज बाजार॥ चलो आज बाजार, घूम-फिर कर घर आयें, पिक्चर-विक्चर देख, समोसे-लड्डू खायें। सुना बिका कल खूब, बर्फ का मीठा गोला,...


  • चिड़िया रानी

    चिड़िया रानी

      चिड़िया रानी, चिड़िया रानी, तुम तो निकली बड़ी सयानी। मेरी बगिया में तुम आई, एक पेड़पर जगह बनाई। मिहनत से मुँह कभी न मोड़ा, तिनका-तिनका तुमने जोड़ा। एक घोंसला वहाँ बनाया, जो हमसब के मन...




  • शिशुगीत

    शिशुगीत

    1. चालाक चूहा घर में एक चूहा है आया कुतर-कुतर सब उसने खाया देख-देख सबकी परेशानी पापा लाए चूहेदानी मांँ ने झट से ब्रेड मंँगाया टुकड़ा उसका एक फँसाया चूहेदानी वहीं लगाकर सोये हम कमरे में जाकर...


  • पहेलियाँ

    पहेलियाँ

    1. मीठी-मीठी, पीली गेंद सबको खूब लुभाती फैशन के इस दौर में कई रंगों में आती उत्तर – लड्डू   2. सबकी नकल उतारनेवाला हरा-भरा यह साथी सबके सिर पर जा बैठे यह घर हो या...

  • शिशुगीत

    शिशुगीत

    1.  मुखौटे बंदर, भालू और सियार पुलिस, सिपाही, चौकीदार जो चाहें बन जाएँ आप पहन मुखौटे तो लें यार   2. चश्मा मेले में से चश्मा लाया आँखों पर जब आज चढ़ाया वाह-वाह सबने ही बोला लाल...