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  • मन की खिड़की खोलो जी

    मन की खिड़की खोलो जी

    क्यूँ बैठे हो गुमसुम गुमसुम मन की खिड़की खोलो जी दिल मे क्या क्या राज़ छिपा है हमसे भी तो बोलो जी ~~ आँसू पीते पीते खारे सागर से हो जाओगे मुखरित करके दर्द हृदय का...

  • ग़ज़ल

    ग़ज़ल

    अगर है प्यार तो इकरार भी हो अजी फूलों का फिर उपहार भी हो .. दबायें बात दिल की दिल में क्योंकर मुहब्बत का कभी इज़हार भी हो .. तड़फ है प्यार की इस पार तो...

  • होली में

    होली में

    बैर भाव सब भूल प्रीत के, रंग उड़ायें होली में हर रिश्तों का मान करें हम, प्रीत बढायें होली में .. डाल-डाल पर पात-पात पर, फागुन की मस्ती छाई ढपली पर दे थाप फाग के, गीत...

  • गीतिका

    गीतिका

    यार नहीं मिलता दिलदार नहीं मिलता सपनों का कोई संसार नहीं मिलता .. पैसों से जीवन में प्यार नहीं मिलता सब मिल जाता है पर परिवार नहीं मिलता .. न चूक कभी जाना जब दाँव तुम्हारा...

  • नया साल

    नया साल

    बीता साल पुराना यारा आया नया जमाना यारा .. कदम कदम पर इम्तहान हैं अपनी अकल लगाना यारा .. सोच समझ लेना पहले फिर आगे पाँव बढ़ाना यारा .. मुश्किल वक्त में कभी हार कर आँसू...

  • गज़ल

    गज़ल

    हाल कितना हुआ बुरा साहब काम आई न कुछ दुआ साहिब .. प्यार बदला है किस तरह देखो तुम भी रहने लगे ख़फ़ा साहब .. इस तरह क्यों हुए ख़फ़ा मुझसे मैंने ऐसा भी क्या किया...

  • गीतिका

    गीतिका

    अब छोड़ो भी तकरार प्रिये क्यों नोंक झोंक हर बार प्रिये . खुशियों की बारिश में भीगो गम से हो क्यूँ बेज़ार प्रिये .. ये धरती क्या ये अम्बर क्या अपना सारा संसार प्रिये .. औरों...

  • गज़ल

    गज़ल

      मुकम्मल गर हमारी भी दुआ इस बार हो जाये तो मुमकिन है हमारी जिंदगी गुलज़ार हो जाए .. चलो अब तो करें मिल कर मुहब्बत का कोई वादा कहीं ऐसा न हो के आपसी तकरार...

  • गज़ल

    गज़ल

    न जाने क्या हुई हमसे खता है वो क्यूँकर आजतक हमसे खफा है .. भले ही हो गया हमसे जुदा पर ख्यालों में अभी तक रह रहा है .. समझ पाये नहीं जिसको अभी तक हमारी...

  • ग़ज़ल

    ग़ज़ल

    गुल है,गुलशन है,महकती सी डगर है कोई आप हैं साथ या मौसम का असर है कोई प्यार ही धर्म जहाँ प्यार ही दौलत सबकी बोलिये क्या कहीं ऐसा भी नगर है कोई दिल की धड़कन में...