सामाजिक

माँ का मातृत्व

जब मै छोटा था तो माँ से एक सवाल गर्मी के मौसम मे पूछा करता था|माँ.गौरेया इतनी ऊँचे छज्जे मे रह रहे उनकी छोटे -छोटे चूजो को इतनी भीषण गर्मी मे पानी कैसे पिलाती होगी? क्या उन्हे प्यास नहीं लगती होगी| आप हमें तो जरा-जरा सी देर मे प्यास लगाने पर पानी पिला देती हो |माँ ने कहा- हर […]

कविता

कविता

जब बजती थी बांसुरी घन ,श्याम पर बरसाने लगते जल अमृत की फुहारें अब समझ में आया जादुई आकर्षण का राज जो की आज भी जीवित बांसुरी की मधुर तान में माना हमने भी बांसुरी बजाना पर्यावरण की पूजा करने के समान जो की हर जीवों में प्राण फूंकने की क्षमता रखती और लगती /सुनाई […]

संस्मरण

किशमिश

लॉक डाउन के चलते  आँगन में गिलहरी का बच्चा आगया।वो बहुत ही छोटा वापस अपने घर पर जाने में असमर्थ।आँगन में बिल्ली भी घुमा करती।डर था कही बिल्ली गिलहरी के बच्चे को कही पकड़ ना ले।कुछ देर बाद बिल्ली अचानक आगई औऱ गिलहरी के बच्चे को पकड़ने झपटी जब देखा तब भगाया।गिलहरी का बच्चा बगीचे […]

धर्म-संस्कृति-अध्यात्म

लोकगीतों का अपना महत्व है।

पारम्परिक लोक गीत विशेष पर्वो पर गायन का चलन कम होता जा रहा है।सीधे फिल्मी गाने बजाने का चलन हो गया।पहले बुजुर्ग व जिनको लोक गीत आते है।उनको बुलावा दिया जाकर गीत गवाए जाते थे।जैसे राती जोगा,शादी, धार्मिक पर्वों, आदि पर। शादी में महिला संगीत कार्यक्रमो में फिल्मी नृत्यों ने स्टेज पर जगह ले ली है। […]

सामाजिक

कलम से कागज पर भी लिखे

कलम से कागज पर लिखी जाने वाले लेखन विधा कम्प्यूटर युग में खो सी जाने लगी |सुन्दर अक्षरों की लिखावट के पहले अंक मिलते थे।साथ ही सुन्दर लेखन की तारीफे होती थी जो जीवन पर्यन्त तक साथ रहती थी ,स्कूलों ,विभिन्न संस्थाओं द्धारा सुन्दर लेखन प्रतियोगिता भी होती थी|अब ये विधा शायद विलुप्ति की कगार पर जा पहुंची […]

सामाजिक

सामाजिक सरोकारों का ध्यान रखें   

  टीवी पर कई शो ऐसे होते जिनमे फूहड़ ,अश्लील दृश्य व् डबल मीनिंग के अश्लील शब्दों का प्रयोग किया जाता है |कपडे भी बेतरतीब पहने हुए देख कर ऐसा लगता है की आधुनिकता के दौर में फैशन को शर्म आरही हो |टेलीविजन पर कुछ कार्यक्रम ऐसे होते है जिनमे व्दिअर्थी संवादों ,अर्धनग्न कपडे पहने अश्लील अदाओं के […]

पर्यावरण

इंजीनियर पक्षी बया और पहाड़ी मैना

पक्षियों की बात करें तो हर पक्षी की अपनी खासियत होती है।जिससे वो इंसानों को पसंद आते है।कई पक्षी इंजीनियर भी होते है।जिसमे प्रमुख नाम बया पक्षी का है।सुंदर सा नीड को कुएं ,कटीली झाड़ियों मे बनाकर लटकाती है।तेज आंधी,पानी से वो टूटता नही।इतनी मजबूती से बुना, चारे के द्धारा जिसमे अंदर नीचे की ओर […]

कविता

किताब

मेरे दिल की किताब पढ़ ले जिंदगी संवर जाएगी किताबो में छुपा रखी तेरे मेरे प्यार की बाते मरते दम कह जाएगी बतला जाएगी मुलाकात की बाते. पुनर्जन्म में यही बात दोहराई जाएगी ये बात किताबो में लिख कर जा रहा हूँ फुरसत में पढ़ लेना जब यादों का तूफान तेरे नजदीक से गुजर जाए […]

सामाजिक

सड़क सुरक्षा

बढ़ती सड़क दुर्घटनाओं में लापरवाही के कारण जान माल की हानि होती है |जिसे कई वर्षो से रोकने हेतु प्रयत्न किये गए मगर दुर्घटनाए कम नहीं हुई |सड़क पर चलते हुए या गाड़ी चलाते हुए मोबाइल पर बात कर रहे लोगो की आए दिन दुर्घटना की खबर पढ़ने को आती है ।अधिकांश लोग वाहन चलाते […]

पर्यावरण

पक्षियों का भी ख्याल रखें

सांभर झील में हजारो पक्षियों का मर जाना चिता का विषय है। ग्लोबल वार्मिग के बढ़ते प्रभाव के कारण कई पक्षियों की प्रजातियां धीरे -धीरे विलुप्तता कगार पर पहुँच रही है। जोकि चिंता का विषय है। इससे पर्यावरण भी प्रभावित होगा। इसके लिए वातावरण में परिवर्तन आवश्यक है। साथ ही सामाजिक स्तर से भी प्रयास […]