Author :

  • अवसर

    अवसर

    आशाओं के दीप जलाने का यह अवसर है, अब तो प्रिय मुस्कान खिलाने का यह अवसर है । वक्त़ रहा प्रतिकूल सदा ही, पर हो ना मायूस, अब उजड़ा संसार बसाने का यह अवसर है ।...

  • ऐ ज़िन्दगी

    ऐ ज़िन्दगी

    हर किसी को अपने हिस्से की जंग ख़ुद लड़नी पड़ती है ख़ुद को ख़ुद का उजाला और ख़ुद की किरण बननी पड़ती है ! जीवन में अंधियारे के हैं अनगिनत पड़ाव बाधाएं पार करनी होती हैं...

  • गीतिका

    गीतिका

    प्यार क्या शै है,ज़रा मुझको बताया जाए , भाव राधा का आज दिल में जगाया जाए ! ज़हर भी बन सकता ,अमृत के प्याले सा, भक्ति मीरा की लेके ,दिल को सजाया जाए ! ढाई आखर...

  • लघुकथा — फर्क़

    लघुकथा — फर्क़

    “मेरे लिए एक अच्छा-सा लेडीज सूट दिखाओ” लड़के ने दुकान में पहुंचकर कहा ! “जी साब,दिखाता हूं ! दुकानदार ने स्मार्टनेस दिखाई ! कुछ देर बात वह  लड़का  अपने घर पहुंचा , और एकांत का लाभ उठाकर घर...




  • ग़ज़ल

    ग़ज़ल

    जीवन में खुशहाली रखना कभी नहीं बदहाली रखना भले ही मौसम हो रूखा सा पर अधरों पर लाली रखना आतंकी सब मिट जाएंगे पर जयकारा काली रखना कोई हो बदजात भले ही कभी न लब पर...

  • ग़ज़ल

    ग़ज़ल

    आशाओं के दीप जलाने का यह अवसर है, अब तो प्रिय मुस्कान खिलाने का यह अवसर है। वक्त़ रहा प्रतिकूल सदा ही, पर हो ना मायूस, अब उजड़ा संसार बसाने का यह अवसर है। व्देष, बैर,...

  • दो लघुकथाएं

    दो लघुकथाएं

    (1)  आत्मग्लानि वह दिन भर की आवारागर्दी के बाद घर लौटा, तो उसने पाया कि उसकी छोटी बहन कलप-कलपकर रो रही है ।उसने सुना कि वह कह रही है कि, “मैं कल से काॅलेज नहीं जाऊँगी...