बोधकथा

सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर का जन्मदिन

महान क्रिकेटर पद्मभूषण कपिलदेव निखंज के जन्मदिवस पर शुभकामनाएं…. कपिलदेव रामलाल निखंज भारत के महान क्रिकेट खिलाड़ी हैं। भारत के सर्वश्रेष्ठ क्रिकेट खिलाड़ियों में उनकी गणना होती है। वे भारतीय क्रिकेट के कप्तान के रह चुके हैं। उनकी कप्तानी में 1983 में भारत ने पहलीबार विश्व कप जीते। वे विस्डेन द्वारा वर्ष 2002 में ‘सदी […]

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प्रथम सांसद

पहली लोकसभा (1952) के एकमात्र सांसद, जो शाहाबाद क्षेत्र से चुने गए थे व अंतिम डुमराँव महाराज ‘माननीय’ कमल बहादुर सिंह का निधन आज प्रातः हो गया, वे 93 वर्ष के थे ! वे दूसरी लोकसभा (1957) के लिए भी बक्सर लोकसभा क्षेत्र से निर्वाचित हुए थे । उनके बिहार और उत्तर प्रदेश में शिक्षा […]

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पश्चिम के सूरदास

महान भाषाविज्ञानी लुई ब्रेल के जन्मदिवस पर उन्हें सादर स्मरण ! पश्चिम के लुई ब्रेल पूरब के संतकवि सूरदास की भांति जन्म से दृष्टिहीन थे, किन्तु अपने चारों ओर फैले अंधियारे को सूरदास की महान कृति ‘सूरसागर’ की भांति ‘ब्रेल लिपि’ यानी दृष्टिहीन ‘से दिव्यांगों को शिक्षा ज्ञान की शैली व पाठशाला अन्वेषित कर अप्रत्याशित […]

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सफाईकर्मी

लॉकडाउन में सफाईकर्मियों और बैंककर्मियों, पत्रकार तथा पोस्टमैन की भी महती भूमिका रही है, वो भी तो वारियर्स हैं, इन पर विमान से पुष्पवर्षा होनी चाहिए । ज्ञात हो, गत वर्ष माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत सरकार की पहल पर अखिल भारतीय चिकित्सा बोर्ड ने भारत भर के सभी एलोपैथिक चिकित्सकों के लिए आदेश […]

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विजयगाथा

26 जुलाई 1999 को न केवल ‘करगिल’, अपितु भारतीय वीर-बाँकुरों ने देश के पश्चिमोत्तर क्षेत्र के उत्तुंग शिखर पर जाकर नापाक ‘पाकिस्तान’ का मर्दन किए थे । हमारे सैनिक हिमालय की तरह अडिग और बर्फ होकर भी इस्पाती चट्टान हैं। ‘करगिल दिवस’ पर हमें खुद पर गर्व महसूस हो रहा है । इस अघोषित युद्ध-विजय […]

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अंदरूनी बातें

स्वामी दयानंद उस विक्रेता बालक को येन (पैसे) देने लगे, तो वह जापानी बालक पैसे लेने से मना कर दिये । स्वामी जी उत्तर में कह उठे — ‘बच्चे! इसकी कीमत तो तुम्हें लेनी होगी, क्योंकि मैं भारतीय हूँ और भारतीय ऐसे ही मुफ़्त में खा नहीं सकते !’ तब जापानी बालक ने कहा– ‘ठीक […]

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विश्ववंद्य माँ

भारत सरकार ने ‘पद्मश्री’ प्रदान की थी, तो उन्हें रेमन मैग्सेसे पुरस्कार भी प्राप्त हुई थी । भारत की नागरिकता प्राप्त ये समर्पित ‘नन’ मिशनरीज़ ऑफ चैरिटी के कुष्ठ रोगियों की ओर से ‘मदर’ कहलाने लगी, तो वे स्पेन के महान संत टेरेसा से काफी प्रभावित थीं, जिन्होंने स्पेन के लोगों को नए जीवन जीने […]

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स्टिक का जादू

1927 ई. में इसे लांस नायक बना दिए गए। सन 1932 ई. में लॉस ऐंजल्स जाने पर नायक नियुक्त हुए। सन 1937 ई. में जब भारतीय हाकी दल के कप्तान थे, तो उन्हें सूबेदार बना दिया गया। जब द्वितीय विश्वयुद्ध प्रारंभ हुआ, तो सन 1943 ई. में ‘लेफ्टिनेंट’ नियुक्त हुए और भारत के स्वतंत्र होने […]

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दानवीर स्वतंत्रता सेनानी

मजहरुल हक का जन्म 22 दिसम्बर 1866 को पटना जिले के मानेर थाना के ब्रह्मपुर में हुआ था। उनके पास काफी जमीन थी, जो कि उनके रिश्तेदारों द्वारा उन्हें दान की गई थी । वे 1900 में सिवान जिला के फ़रीदपुर गांव में बस गए। उन्होंने गांव में एक घर का निर्माण किया और इसका […]

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मत कहें तुम्हारी परेशानी से हमें क्या लेना

एक गांव में एक साहूकार अपने मां के साथ रहता था। उसके कोई बच्चे नहीं थे।बच्चे नहीं होने के कारण साहूकार अपनी पत्नी से नफरत करने लगा था इसलिए पत्नी भी उसे छोड़कर अलग रहने लगी थी।अब साहुकार गांव का प्रधान बन गया था।साहूकार के घर में एक तोता एक मोर और एक भेड़ उसकी […]