संस्मरण

बर्फीले मौसम में हृदय की ऊष्णता

बात सन १९८६ की है। जनवरी का महीना था। अब तो बहुत वर्षों से इंग्लैंड में बर्फबारी हुई ही नहीं है। हफ्ते या दो हफ्ते हलकी फुलकी बर्फ गिरी भी तो दो चार दिन में गायब हो गयी। मौसम बदल गए हैं। नदियों के स्रोत पिघलने लगे हैं। इस बार इंग्लैंड में समर बादलों से […]

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जरा बताना भैया

पांडवों की माता कुंती और वसुदेव – दोनों सगे भाई-बहन थे, जरासंध के जामाता कंश की बहन (या सौतेली!) देवकी जहाँ वसुदेव की दूसरी पत्नी थी, कृष्ण देवकी का पुत्र था । वसुदेव की पहली पत्नी रोहिणी थी । रोहिणी जहाँ यशोदा की सहेली थी, एतदर्थ वसुदेव और नन्द मित्र हुए । रोहिणी के पुत्र […]

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मास्टरजी का चांटा

बचपन में स्कूल में सर मैडम नहीं बल्कि मास्टरजी होते थे। जितना डर घर में अम्मा बाबूजी से लगता था उतना ही मास्टरजी से लगता था। उन्हें हम विद्यार्थियों को डांटने के साथ मारने मुर्गा बनाने बेंच पर पूरे पीरियड खड़ा रखने इत्यादि सजा देने के सारे अधिकार प्राप्त थे। मेरे बाबूजी पोस्टमास्टर थे। उस […]

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बाढ़ रिपोर्ताज़

भइया, भौजी, दीदिया, चाचू, चच्ची… अपन नवाबगंज बोचाही कलभट पर बाढर पानी तेज़ रफ़्तार से गिरल गे माई ! हमर घर के पास यही सौ कदम की दूरी पर आ गइल…. इधर रात्रि में ही सिरदर्द, त सर्दी-खाँसी की ऐसी की तैसी…. सलवा नाना याद आ गइल…. बचपन म बंसी स मछलियाँ मारत छेलह इही […]

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सुख-दुःख दोनों

माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी को 13 अगस्त 2019 को पुस्तक 1. पूर्वांचल की लोकगाथा गोपीचंद (शोध), 2. लव इन डार्विन (नाट्य पटकथा) सादर प्राप्त हुई और पुस्तक-द्वय से कुछ अंश को माननीय जी ने 15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस) के सुअवसर पर लालक़िले के प्राचीर से दिए भाषण में उद्धृत भी किए हैं। माननीय सर […]

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स्मृति-चलचित्र : सेवा-निवृत होते कार्मिक की अनुभूति

जो व्यक्ति सेवा निवृत्त नहीं हुआ हो, सेवा निवृत्ति से पूर्व वह शायद यह अनुभूति न कर सके। कहा जाता है कि भावनाएँ वैयक्तिक होते हुए भी सार्वभौमिक होती हैं। व्यक्तिगत भिन्नताओं के बावजूद भी काफी हद तक हम एक जैसी अनुभूतियों से गुजरते हैं। यूं तो ये अनुभूतियाँ मेरी व्यक्तिगत हैं। लेकिन अगर किसी […]

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पाठिका बेटी बहन मित्र

स्वाती स्नेह। इस वर्ष 1 अगस्त 2021 को मित्रता दिवस फ्रेंडशिप डे है। शुभकामना। मेरी प्रकाशित पुस्तक कैरियर पढ़कर तुमने मुझसे संपर्क किया। पाठिका से बेटी से बहन से मित्र तक मेरे तुम्हारे मध्य एक लंबे समय से कभी दोस्ती कभी दुश्मनी के उतार चढ़ाव रहे हैं। टचवुड अभी भी हमारा संपर्क फोन पर बना […]

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तीन महारथियों को श्रद्धांजलि

पंजाब में जन्मी और दिल्ली की सर्वाधिक समय तक मुख्यमंत्री रही मैडम शीला दीक्षित की दूसरी पुण्यतिथि पर सादर श्रद्धांजलि, तो गीतकार ‘नीरज’ की तीसरी पुण्यतिथि पर उन्हें सादर श्रद्धांजलि ! कवि-गीतकार गोपालदास नीरज, जिनके साथ कभी मैंने भी किया था ‘काव्य-पाठ’…… पद्मश्री, फिर पद्मभूषण गोपाल दास ‘नीरज’ 19 जुलाई 2018 को इस दुनिया से […]

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दास्ताँ कहते-कहते

आनंद (‘सुपर थर्टी’ के गणित शिक्षक) और सदानंद (मैं) पटना के मुसल्लहपुर की गलियों में लगभग एक साथ IAS बनने की तैयारी के साथ-साथ आजीविकोपार्जन हेतु भी सोचते जाते थे ! उनके पिताजी डाककर्मी और मेरे भी ! दोनों के पिता डाक -कर्म से वेतन बहुत सीमित पाते थे । मगहीभाषी वे पटना -गया सीमांत […]

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मेरी माँ

बचपन- मेरी माँ श्रीमती नीलिमा भाटिया का जन्मदिन 26 जुलाई 1951 को लेडी हार्डिंग मेडीकल कालेज से जुड़े श्रीमती सुचेता कृपलानी अस्पताल नई दिल्ली में हुआ था। मां का जन्म तो दिल्ली में हुआ था, क्योंकि यहां उनके नाना जी और दादा जी दोनों का घर रहा है, ‌लेकिन उनका बचपन उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर […]