संस्मरण

वो दोस्त जो गुम है अब कहीं

ज्यादा पुरानी बात नहीं है,स्कूल के शुरूआती दिनों में ही उससे मुलाकात हो गई थी। उसकी आंखों में एक तेज़ था। मानों कि दुनियां जीत ले अपने शौर्य से,पर वो नादान तो अपनी मुस्कान से सबको अपना मुरीद बनाना चाहती थीं। कुछ उसे सिरफिरा कहते थे तो कोई खुदगर्ज। वो तो अपनी धुन पर सवार […]

संस्मरण

जन्मदिन @ कर्मदिन

गायत्री बाल संस्कार शाला रावतभाटा में एक छात्रा भूमिका ने एक दिन मुझसे प्रश्न किया कि दिलीप अंकल आप प्रत्येक रविवार को समय से हमें पढ़ाने आ जाते हैं। कभी अपने गांव जाने के लिए अवकाश भी नहीं लेते। मैने कहा मेरा कोई गांव नहीं है। बहुत समय से रावतभाटा में ही रह रहा हूं। […]

संस्मरण

वो शाम हंसीं

कोई सपना पूरा हो रहा है। यह बात कुछ साल पहले की है जब हमारा 20 सालों बाद स्कूल के सभी दोस्तों के साथ रियूनियन हुआ। सहसा पुराने सारे जज्बात हरे भरे हो गए। वो स्कूल के दिन याद आ गए, जब हम बाल्यावस्था से किशोरावस्था और यौवन की दहलीज पर पांव रखे थे। पढ़ाई […]

संस्मरण

प्रथम हिमालय विजेता !

“एवरेस्ट पर पहला कदम भारतीय ‘तेनसिंह’ का पड़ा था, हिलेरी का नहीं  -2003 ई0 में कादम्बिनी में छपा मेरा खोजपरक आलेख में है ऐसी जानकारी, तब हिलेरी झुँझला पड़े थे।” तीन पृष्ठों के दस्तावेज़ ‘एवरेस्ट पर सबसे पहले पहुँचनेवाला एक भारतीय था’ मेरा शोधालेख है, ‘कादम्बिनी’ के दिसंबर-2003 अंक में छपा था। इसे पढ़कर हरकोई […]

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अगवा राजधानी एक्सप्रेस और घने जंगल में  रात्रि जागरण !! 

खड़गपुर : राजधानी एक्सप्रेस को घंटों बंधक बनाए रखने की  कभी न भूलने वाले कांड में  एनआईए ने छत्रधर महतो को गिरफ्तार क्या किया , घने जंगल में  बीती उस भयावह ठंडी रात की  पूरी घटना मेरे आंखों के  सामने एक बार फिर  फ्लैश बैक की तरह नाचने लगी । 2009  के  उस कालखंड में  […]

संस्मरण

उल्टे चोर कोतवाल को डांटे

पहले मुझे गाली देते हैं, फिर दूसरे से सज्जनता का तमगा आप खुद पाते हैं ! हँसी आती है, कोई अपने को दिग्गज कहते हैं, तो कोई शास्त्री हो या आचार्य और कोई ओझा-गुणी, पंडित, पाठकनामा या …… हिन्दू धर्म पर जितना मैं पढ़ा हूँ, उतना आप सब नहीं पढ़े होंगे ! मैंने क़ुरआन और […]

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अकेला चना

नब्बे के दशक में उनके पिताजी राजेन्द्र बाबू के निधन से पहले भी, अर्थात उनके जीवित रहते भी आनंद कुमार के परिवार ‘पापड़’ रोजगार से जुड़ चुके थे ! आर्थिक दिक्कतों के कारण ही वह ट्यूशन पढ़ाया करते थे, ट्यूशन को कोचिंग में परिणत करने के सोद्देश्य B M DAS रोड किनारे, जो कि अशोक […]

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अपना कृष्णा

मेरी अपनी मौसी देवकी का बड़ा  पुत्र कृष्णा जन्मजात मेधावी रहे हैं, उनका बाल्यावस्था मेरी माँ यशोदा के सान्निध्य में भी बीता है । भगवान कृष्ण के बाल्यावस्था कष्ट इस कृष्ण के जवानी-कष्ट से जुड़ा हुआ है। आर्थिक अभावों में पलना , वो भी अगर पड़ौस में धनियों के चास हों — कृष्णा भी मैं […]

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नन्हे बच्चों को साक्षरता का महत्व समझाया

नारी शिक्षा ही समाज का आइना डॉक्टर मिली भाटिया आर्टिस्ट ने विश्व साक्षरता पर अपने विचार बच्चों से साझा करते हुए कहा की आपके घर में जो काम करने के सहयोग देने वाले जैसे धोबी,झाड़ू पोछा करने वाली आंटी,आदि में से काम से कम एक बच्चे को ज़रूर शिक्षा के लिए प्रेरित करे!मुमकिन हो तो […]

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हवलेश सर

जून 2020 क़रीब 8 महीने पहले मैंने आर्टिकल लिखना शुरू किया! शिक्षा वाहिनी न्यूज़पेपर के लिए आदरणीय एडिटर श्री हवलेश कुमार पटेल सर को भेजने शुरू किए!फ़ेसबुक में ई-लिंक पब्लिश करने के बाद मुझे वट्सअप में भेज देते हें!कभी कुछ कहते नहीं हें!15 जुलाई 2020 को उनके जन्मदिन पर मैंने फ़ोन करके विश किया!उसके बाद […]