Category : कथा साहित्य

  • नई सोच -कहानी

    नई सोच -कहानी

    नई सोच दीपा की शादी 10 वर्ष की उम्र में ही दीपंकर से हो गई थी | गांवकी रीति-रिवाजों के अनुसार वह 16 वर्ष की उम्र तक मायके में ही रही | उसके बाद उसका गौना...


  • लघुकथा – अवसर

    लघुकथा – अवसर

    काया बहुत कमजोर हो गई है, किसी तरह कूल्हती कराहती नहाने चलीं गई, नहाना आरंभ ही किया था कि , नथुनों में देसी घी के हलुवे और बेसन के बझियों  की सौंधी  खुश्बू नाक में आ घुसी...


  • कलाई

    कलाई

    अनजाने कैलाश भाई, स्नेह! ट्रेन में मिलना हुआ था। मैं अपने पति के आॅपरेशन के लिए जयपुर जा रही थी एवं हम पति पत्नी चिंता कर रहे थे कि अनजाने शहर में रक्त की व्यवस्था कैसे...

  • “बंद दरवाजा”

    “बंद दरवाजा”

    “बंद दरवाजा” ये कहानी नही है ! और न ही रामसे ब्रदर्स की किसी फ़ीचर फ़िल्म का एक टाइटल । “बंद दरवाजा” एक मनन है मेरे अंत:करण का । यूँ तो बीएचईएल झांसी की छोटी सी...

  • कपटी बाबा

    कपटी बाबा

    “इतनी जल्दी आ गई?” माँ ने रेनू से पूछा “हाँ माँ ! बड़ी मुश्किल से निकल पाई !” रेनू बोलते हुए माँ से लिपटकर रोने लगती है घबराते हुए माँ पूछती है “एैसा क्या हो गया...

  • लघुकथा

    लघुकथा

    मेरे बचपन के प्रिय मित्र, सुबह का राम राम और सझौंती के सलाम यहाँ कुशल वहाँ जगमाहीं, मेरा पत्र मिला की नाहीं। जवाबी पत्र का इंतजार करते-करते आँखें पथरा गई, पोस्ट ऑफिस का डाकियाँ भी बदल...

  • कुआं

    कुआं

    अक्सर महिलाएं कहती मिलती हैं- ”ये घर एक कुआं है. काम करते जाओ, खत्म ही नहीं होता.” और ”ये पर्स भी एक कुआं हैं, जो चीज चाहिए, मिलती ही नहीं है.” लेकिन मध्य प्रदेश के खरगोन...

  • वेशभूषा

    वेशभूषा

      किशन बेहद गरीब युवक था । धन संपत्ति के नाम पर उसके पास थोड़ी सी उपजाऊ जमीन थी और एक गाय थी । खेती किसानी में मन नहीं लगता था । अपनी ही परती पड़ी...