क्षणिका

बात राष्ट्र की

क्या यह सच है, ‘कांग्रेस’ एक धर्मविशेष के प्रति तुष्टिकरण रवैये अपनाए हुए हैं ? ×××× क्या यह सच है, भाजपा एक धर्मविशेष की पार्टी है ? ×××× क्या यह सच है, राजद, सपा या बसपा एक धर्मविशेष और जातिविशेष प्रतिनिधियों की संख्या ही ज्यादातर हैं ? ×××× ‘वोट’ किसी को दीजिए… किन्तु बात जब […]

क्षणिका

क्षणिका

हर दो साल पर लोकसभा चुनाव हो, ताकि अधिकतर मतदाताओं सहित मुझे भी प्रधानमंत्री बनने का अवसर मिले और सामान्य ज्ञान में नाम दर्ज़ हो ! ×××× लोस चुनाव में अबतक हुए मतदानों से सुस्पष्ट नहीं हो पाया है कि बहुमत में कौन सी पार्टी रहेगी, क्योंकि इसबार इकतरफा लहर दिखती नहीं ! ×××× महिलाओं […]

क्षणिका

झुक जाइये.. रुक जाइये

रिश्ते अगर झुकने से बच जाए, तो झुक जाइये; किन्तु बार-बार झुकना पड़ जाए, तो रुक जाइये ! ×××× “भारत मे धर्म की कोई कमी नही, यहाँ लोगो को रोटी चाहिए” शायद विवेकानन्द ने कहा है यह । ×××× विकास जी, मैं जानता हूँ…. आप भी मुझे वोट नहीं करेंगे ! ×××× हम उम्मीदवार अथवा […]

क्षणिका

अपनी-अपनी सोच बचाइए !

भारत के इतिहास में बलदियाबाड़ी के युद्ध [कटिहार जिला] में अगर नवाब शौक़तजंग खेत नहीं होते, तो देश अंग्रेजों के कभी गुलाम न होते ! ×××× यह इंदिरा की इमरजेंसी नहीं है, यह नरेंद्र का ‘लॉकडाउन’ है ! लोकतंत्र में प्रतिपक्ष भी मजबूत हो, अन्यथा सत्ता ‘इंदिरा’ हो जाएगी ! ×××× पति-पत्नी या संतानों के […]

क्षणिका

वसुधैव अकुटुम्बकम !

खाद्यसामग्री और रुपये की अचानक किल्लत होने पर कुछ मित्रो और समाजसेवियों को मैसेज भेजा, पर सहयोग नहीं मिला ! यह है सोशल डिस्टेंसिंग ? ×××× कोरोना आपदा राहत कोष में सर्वाधिक दान बिहार के साढ़े 3 लाख नियोजित शिक्षकों ने किए हैं, उन्होंने दो-दो माह का वेतन दिए हैं ! ×××× ‘वसुधैव कुटुम्बकम’ और […]

क्षणिका

आपकी गलती है

हम जिस अंग के प्रति उत्सुकता लिए और आकर्षित रहते हैं, वो गंदगी का दूसरा नाम है ! दरअसल ‘मानव देह’ ही गंदगी का दूसरा नाम है ! ×××× कमियाँ सबमें होती हैं, लेकिन नज़र सिर्फ़ दूसरों में आती है ! ×××× …..और कभी-कभी उपदेशक ‘उपदेश’ वाचन करते-करते स्वमेव बिगड़ जाते हैं । ×××× ये […]

क्षणिका

अपना ‘दीपक’ खुद बनो !

कुम्हार-कृति लिए ज्योति-पर्व में उनके घर और दिल में जाकर भी दीप जलाएँ, जिनके घर और दिल में अबतक किसी प्रकार के रोशन नहीं हुए हैं….. तभी आपकी दीपावली सफल और सुफल होगी……. ××× दुश्मन को लगे हुकाहुकी की तित्ति, यहाँ हाथ नहीं मिलते, दिल मिलना दूर है ! हाँ, दिल भी जले, दीप भी […]

क्षणिका

दिल है कि झुकता नहीं ?

दिल है कि मानता नहीं, प्यार है कि झुकता नहीं ! ××× जबतक आप गिरेंगे नहीं, तो दूसरे को महसूस कैसे करेंगे ? ××× हमें हर लिंगधारी मित्रो से घनिष्ठता नहीं बढ़ानी चाहिए ! ××× वो आपसे हर गोपनीय बातें शेयर करेंगी, पति की बुराइयाँ कहेंगी, परेशानियों का रोना रोयेगी, पर ‘चुम्बन’ माँगने पर गगनचुम्बन […]