Category : भजन/भावगीत

  • मेरी भावना

    मेरी भावना

    श्री नवकार महामन्त्र का नित्य जप कर जिन धर्म को करूं स्वीकार। विश्व प्रेम शांति अहिंसा अपरिग्रह शाकाहार तप दान शील का करूं प्रचार।। अनित्य अशरण संसार एकत्व अन्यत्व अशुचि भावनाऐं। आस्रव संवर निर्जरा लोक बोधि-दुर्लभ...

  • शिव स्तुति

    शिव स्तुति

    हे महादेव   हे शिवशंकर, हे आशुतोष हे   गिरिवासी । हे जगद्नियंता जगपालक, हम हैं अबोध अनुचर दासी ।। मद मत्सर माया मोह हमें, अपने फेरे में उलझाये । इस अन्तहीन से अंधकूप में, समझ नहीं कुछ...

  • मां जयतु वीणा धारिणी

    मां जयतु वीणा धारिणी

    मां जयतु वीणा धारिणी मां सरस्वती वीणा वादिनी जयतु हे मां हंस विराजनी, जय हो शारदे ज्ञानदायिनी मां पद्म हंस की विराजनी मां सरस्वती——–। ऋद्धि-सिद्धि दायिनी मां विवेक शून्य विनाशिनी देवि! सुखद हास देती हृदय में...

  • श्याम पूजारन

    श्याम पूजारन

    जाऊं ना जमुना तीर माने ना मन अधीर देख मोहे श्याम नित सताए रे। कह दे आज श्याम से, आए ना वो पीछे पीछे, बैठ जमुना तीर ना बंसी बजाए रे। सुन बंसी की धुन, बस...




  • बहारों ने हर्षाया है

    बहारों ने हर्षाया है

    जन्मदिन तेरा आया है, बहारों ने हर्षाया है नज़ारे झूम-झूम नाचें, खुशी ने गीत गाया है- 1.तेरा जन्मदिन आए मनाने, सूरज-चंदा-तारे आनंद की कलियां खिलती हैं, महकें फूल निराले नज़ारे झूम-झूम नाचें, खुशी ने गीत गाया...


  • माँ की महिमा

    माँ की महिमा

    नव दुर्गा मात की महिमा है अपरंपार, नौ रूप है शक्ति तेरे जग की तू है पालनहार । सुनहरे रंगो की लेकर मन में फुहार, अद्भूत सिंह पे होकर चली है सवार । रिश्तो में जोड़...