Category : कविता

  • दिवाली

    दिवाली

    आओ मिल कर दीप जलाये नफरत को अब दिल से भगाये अपने कर्म की पूजा करके जीवन में हर पुण्य कमाये आओ मिल कर दीप जलाये। घर को साफ स्वच्छ करके अब रोग दोष से मुक्ति...

  • प्रदूषणमुक्त दीवाली

    प्रदूषणमुक्त दीवाली

    आओ मनायें प्रदूषण मुक्त दीवाली, घर – घर जाकर दें यह संदेश, लेकर हाथ में दिया और बाती , तेल से हों जो लबालब । मरेंगें कीट – पंतगे जिनसे, और होगा वातावरण सुरक्षित, साँस लेने...

  • दीपों वाली दिवाली

    दीपों वाली दिवाली

      आँखें चौंधिया गई सबकी बिजली की रोशनी में, अब वो दिवाली की खुशियां कहां, जो मिट्टी के दीयों की लौ में थी। मिट्टी की सोंधी सोंधी खुशबू हवा में घुल जाया करती थी, अमावस रजनी...


  • बेटियों

    बेटियों

    पढ़- लिख कर नाम कमाओं बेटियो हक़ की परिभाषा को समझाओ बेटियो जिंदगी में किसी से न डरो तुम बेटियो पूजी जाती हो घरो में याद रखो बेटियो रिश्तों का तुम ही हो आधार बेटियो मेहंदी...


  • नेह से नेह के दीप जलाएं

    नेह से नेह के दीप जलाएं

    नेह से नेह के दीप जलाएं, आओ दिवाली मनाएं, प्रेम-प्यार के सुमन खिलाएं, आओ दिवाली मनाएं. दीप जलाएं मिट्टी के हम, आओ दिवाली मनाएं, बिजली का उपयोग करें कम, आओ दिवाली मनाएं. दूर करें दुखियों के...

  • जगमग- जगमग आई दीवाली

    जगमग- जगमग आई दीवाली

    कितना फैला घनघोर अंधेरा रात अमावस की है काली दीपों के परिधान पहन कर जगमग जगमग आई दीवाली अवधपति श्री राम चन्द्र का , स्वागत करती नगरी सारी । घर -घर में है दीपमालिका , द्वार...

  • भाई दूज

    भाई दूज

    कितनी सुन्दर कितनी कोमल तेरी हर मुस्कान जीवन भर हंसती रहे तुझे देता हूँ बरदान तुझे देता हूँ वरदान मेरी तू प्यारी बहना नहीं रहेगा दुख हमेशा सुख से रहना अपने दृढ़ संकल्प से मत तू...