Category : बाल साहित्य

  • चिड़ियारानी

    चिड़ियारानी

    चिड़ियारानी जो कल तक थी पेड़ के ऊपर अब खम्भे पर रहती है। मानव ने छीना उसका बैठना चह-चहाकर कहती है। बनाऊँ कहां घोसला अपना अण्डे दे बच्चे कहां पालूँ। खेलेंगे कहाँ ये बड़े होकर सोेचती...


  • एप्पल में गुण एक हजार

    एप्पल में गुण एक हजार

    एप्पल में गुण एक हजार, एप्पल खाओ हर दिन चार। नित्य नियम से जो खाता है, हृष्ट-पुष्ट वह हो जाता है। एप्पल का भैया क्या कहना, सुन्दरता का ये है गहना। चेहरा दमके हर दम लाल,...

  • बन सकते तुम अच्छे बच्चे

    बन सकते तुम अच्छे बच्चे

    सुबह सबेरे जल्दी जगते, और रात को जल्दी सोते। ऐसा करते अच्छे बच्चे, बन सकते तुम अच्छे बच्चे। सिट-अप करते, पुश-अप करते, और तेल की मालिश करते। कसरत करते अच्छे बच्चे, बन सकते तुम अच्छे बच्चे।...

  • दूध दही घी माखन खाओ

    दूध दही घी माखन खाओ

    दूध दही घी माखन खाओ, हृष्ट-पुष्ट बच्चो बन जाओ। सुनो दूध की लीला न्यारी, सभी तत्व इसमें हैं भारी। दूध मलाई जो खाएगा, बलशाली वह हो जाएगा। सबसे अच्छा दूध गाय का, पीकर देखो, चखो जायका।...

  • फल खाओगे, बल पाओगे

    फल खाओगे, बल पाओगे

    फल खाओगे, बल पाओगे, सुन्दर तन का हल पाओगे काजू किशमिश और मखाने, शक्ति-पुंज हैं जाने माने एप्पल गुण की खान सुनो तुम, सबसे पहले इसे चुनो तुम छिलका सहित चबाकर खाओ, या फिर इसका शेक...