पर्यावरण

राष्ट्रीय जलजीव:गांगेय डाल्फिन

भारत सरकार ने सन 2005 में गांगेय डाल्फिन को भारतीय गणराज्य का राष्ट्रीय जलजीव घोषित किया । गांगेय डाल्फिन दक्षिण पूर्व एशिया की नदियों मे पायी जाने वाली डाल्फिन की दो प्रजातियों में से एक है ।इसकी दूसरी प्रजाति को सिंधु डाल्फिन कहते हैं ,सिंधु डाल्फिन मुख्यतया पाकिस्तान की सिंधु एवं इसकी सहायक नदियों में […]

पर्यावरण

तालाब या पोखर द्वारा जलसंचय बनाम आज की कथित आधुनिकता

‘तालाब ‘या ‘पोखर ‘या ‘पोखरा’ हम भारतीयों के बचपन के दिनों के स्मृति पटल पर अभी भी ऐसे अंकित हैं,जैसे वे हमारे जीवन के अभिन्न अंग हों । हम लोग बचपन में रात में पहली जोरदार मूसलाधार बारिश होने पर सुबह होने का बेसब्री से इंतजार करते थे,क्योंकि गाँवों में मई-जून की झुलसा देने वाली […]

पर्यावरण

इंजीनियर पक्षी बया और पहाड़ी मैना

पक्षियों की बात करें तो हर पक्षी की अपनी खासियत होती है। जिससे वो इंसानों को पसंद आते है।कई पक्षी इंजीनियर भी होते है।जिसमे प्रमुख नाम बया पक्षी का है।सुंदर सा नीड वो कुएं ,कटीली झाड़ियों मे बनाकर लटकाती है।तेज आंधी,पानी से वो टूटता नही।इतनी मजबूती से बुना, चारे के द्वारा जिसमे अंदर नीचे की […]

पर्यावरण

पौधशाला

कुछ पौधे की खरीदारी करने के लिए एक नर्सरी में गया वहां पर लगभग 10 से 15 ग्राहकों की भीड़ थी, वहां पर लगभग 500 किस्म के फल फूल और लकड़ी के पौधे बिकने के लिए रखे गए थे। बातो बात में नर्सरी के मालिक रामकुमार ने बताया ग्रामीण क्षेत्र में नर्सरी होने के बावजूद […]

पर्यावरण

धरती आपा

धरती बचाने के लिए सिर्फ पेड़ नहीं, पक्षी भी बचाने जरूरी ! वैसे 22 अप्रैल को विश्व पृथ्वी दिवस है, इसलिए 9 अगस्त को बिहार पृथ्वी दिवस मनाने की क्या आवश्यकता है, जबकि दोनों स्थिति में वृक्षारोपण कर पेड़ ही लगाने हैं । हम यह गलत भ्रांति पाले हैं कि सिर्फ पेड़-पौधे लगाने से ही […]

पर्यावरण

मानव के लगभग समकक्ष बुद्धिमान प्राणी डॉल्फिन विलुप्ति के कग़ार पर !

इस धरती पर मानव को यह बहुत ही गर्वोक्ति या दंभ है कि ‘इस धरती के हम सबसे बुद्धिमान प्राणी हैं। ‘ बहुत से मायनों में यह सत्य भी है, क्योंकि मानव इस धरती पर वह अपने बनाए वैज्ञानिक संसाधनों, उपकरणों से इतने तरह के जटिल संरचनाओं का निर्माण कर रहा है, कर चुका है […]

पर्यावरण

…और अब इस दुनिया का सबसे बड़ा माँसाहारी जीव ध्रुवीय भालू भी इस दुनिया में चंद सालों का मेहमान !

ध्रुवीय भालू इस दुनिया का सबसे बड़ा मांसाभक्षी, सर्वाहारी भोजन करनेवाला, सबसे ताकतवर, मुख्यरूप से इस पृथ्वी के सूदूर उत्तरी छोर पर स्थित आर्कटिक परिक्षेत्र का मूल निवासी है, इसके पूर्ण वयस्क नर का वजन 680 किलोग्राम तक भारी-भरकम डीलडौल वाले, लगभग 10 फुट लम्बे, इसकी विशालता का अंदाजा हम ऐसे लगा सकते हैं कि […]

पर्यावरण

माइक्रोप्लास्टिक का मानव जीवन पर दुष्प्रभाव

वैज्ञानिक जगत में ‘माइक्रोप्लास्टिक ‘यह एक नया नाम है,माइक्रोप्लास्टिक,प्लास्टिक के वे कण हैं,जो बहुत ही सूक्ष्म और इतने हल्के हैं,जो हवा के साथ उड़कर वायुमंडल के द्वारा इस दुनिया में सर्वत्र पहुँच गये हैं,ऊँचे पहाड़ों के शिखरों पर जमें ग्लेशियरों में,वर्षा के पानी में मिलकर हमारी नदियों,कुँओं,भूगर्भीय जल,समुद्र की अतल गहराइयों तक,हमारे खाद्य पदार्थों ,बोतल […]

पर्यावरण लेख

गोरैया पक्षी का बिहार कनेक्शन

गोरैया पक्षी का बिहार कनेक्शन, इसे लेकर कहना है कि गोरैया पक्षी की एक युगल जोड़ी सप्ताह में एक दिन कहीं से उड़ मेरे आंगन आती हैं । मेरे यहाँ कबूतर है, सोचा- वे भी कहीं न कहीं घोंसले बनाकर टिक जाएंगी । परंतु नहीं, वह कबूतर को दिए चावल के दाने चुन फुर्र उड़ […]

पर्यावरण

गजराज का जीवन अत्यंत संकट में

अक्सर हमारे देश में पर्यावरण बचाने और प्रदूषण से मुक्ति के लिए वृहद वृक्षारोपण का नाटक करने में, नदियों को प्रदूषणमुक्त करने में अरबो-खरबों रुपयों का वारा-न्यारा कर दिया जाता है, जबकि वास्तविकता यह है कि उसमें होता कुछ नहीं है, वृक्षारोपण में लगाए गये पौधों में से 98 प्रतिशत तक शिशु पौधे पानी और […]