Category : राजनीति


  • उद्घोष बनाम विकास

    उद्घोष बनाम विकास

    उद्घोष स्वार्थ के वजाय स्वाभिमान के साथ विश्वास से भरा हो तो निश्चित रूप से कार्ययोजना में क्रांति आती है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा दिया गया नारा ‘‘स्वस्थ धरा तो खेत हरा’’ देश के विकास में...

  • माझी जो नाव डुबाए उसे कौन बचाए….

    माझी जो नाव डुबाए उसे कौन बचाए….

    २० फरवरी को विधानसभा में शक्ति परीक्षण से ठीक पहले बिहार के मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी ने राजभवन जाकर इस्तीफ़ा दे दिया। मांझी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इसकी औपचारिक घोषणा की। मांझी के इस्तीफे के बाद...



  • शपथ ग्रहण समरोह

    शपथ ग्रहण समरोह

    अक्सर देखा जाता है कि किसी किसी मुख्यमंत्री का शपथ ग्रहण समरोह एक बहुत बड़े सार्वजानिक मेले की रूप में मनाया जाता है. मेरे विचार में किसी भी संवैधानिक पद का शपथ ग्रहण करना एक अनिवार्य...

  • केजरीवाल मॉडल का भविष्य

    केजरीवाल मॉडल का भविष्य

      वेदों में पुरुषार्थ करने का सन्देश है अर्थात परिश्रम करो और जीवन में उन्नति करो। आलसी, मुफ्तखोर, कामचोर को नापसंद किया गया है। केजरीवाल की सोच साम्यवादी सोच से मेल खाती है जिसमें सभी को...


  • संस्कृतियों का अन्तर

    संस्कृतियों का अन्तर

    कल्पना कीजिये कि दिल्ली विधानसभा के चुनावों में अगर आआपा की हार हो गयी होती और भाजपा को बहुमत मिल गया होता, तो क्या होता. मेरे विचार से सबसे पहले तो यह होता कि हरिश्चन्द्र के...