Category : हास्य व्यंग्य


  • व्यंग्य – शुरुवात मुझसे

    व्यंग्य – शुरुवात मुझसे

    मैंने हाईस्कूल में पढ़ा था कि भारत मानसूनी जलवायु का देश है। गलत है। मैं सुधारता हूँ- भारत चुनावी जलवायु का देश है। मानसून कभी-कभी रूठ जाता है। भटक जाता है। चुनाव कभी नहीं रूठते। हर...




  • हींग लगे न फिटकरी

    हींग लगे न फिटकरी

    पाकिस्तानियों ! इमरान ख़ान को गालियाँ मत दो। हिन्दी में कहावत है-“हींग लगे न फिटकरी रंग भी चोखा आए” अर्थात् बिना कोई प्रयास के काम संपन्न हो गया। बेचारा पाकिस्तान की आर्थिक बदहाली के कारण आतंकवादियों...

  • भक्त-चम्मच-युद्ध (व्यंग्य)

    भक्त-चम्मच-युद्ध (व्यंग्य)

    इन दिनों देश में ‘भक्त-चम्मच- युद्ध’ छिड़ा हुआ है। भक्त अपने को सर्वश्रेष्ठ ‘भक्त-राज ‘सिद्ध करना चाह रहे हैं तो दूसरी ओर कुछ चमचों ने कमर कस ली हैं वे ही ‘चम्मच-शिरोमणि’ के पद को सुशोभित...



  • खट्ठा-मीठा : रबड़ी और इमरती

    खट्ठा-मीठा : रबड़ी और इमरती

    अभी तक अँगूठाछाप निरक्षर भट्टाचार्य मंत्री/मुख्यमंत्री के उदाहरणस्वरूप रबड़ी देवी का ही नाम लिया जाता था, जिनको चाराचोर लालू प्रसाद ने जेल जाते समय अपनी जगह बिहार के मुख्यमंत्री की कुर्सी पर बैठाया था। अब इस...