नवीनतम लेख/रचना

  • स्वाध्याय क्यों करें?

    स्वाध्याय क्यों करें?

    वैदिक ग्रन्थों के स्वाध्याय से हमें अपने अस्तित्व व सत्ता का यथार्थ ज्ञान होता है। हमारे अतिरिक्त संसार में जो सृष्टि की रचना-पालन व संहार करने वाली सत्ता “ईश्वर” है उसका भी तर्क, युक्ति व प्राचीन...


  • खट्ठा-मीठा : चालू मेरा नाम

    खट्ठा-मीठा : चालू मेरा नाम

    नेताजी के बेटाजी बहुत दुखी हैं। जिस चालूपन पर उनके पिताश्री और उनका कापीराइट था उनको विरोधियों ने हथिया लिया है। बेचारे को बहुत क्षोभ है कि भाजपाई बहुत चालू हैं। अब तक चालूपन पर नेताजी...




  • एक सच्ची घटना

    एक सच्ची घटना

    एक घटना किसी पत्रिका में पढ़ी थी शायद आप लोग भी पढ़े हों। यह घटना नहीं अपितु सच्चाई है। कुछ दिन पहले कहीं तुफान आया था जिसमें बहुत जान माल का नुकसान हुआ था। इस तूफान...



  • माया जाल

    माया जाल

    कैसे भूल गया ईश्वर को, फंस कर माया जाल में, पढ़ लिख कर तुम बड़े हुए ,पर पड़ गए किस जंजाल में, कैसे भूल गया ईश्वर को फंस कर माया जाल में, माँ संग सिमरन किया...

कविता