नवीनतम लेख/रचना



  • पिया का प्यार

    पिया का प्यार

    अपने अपने पिया का प्यार पाने के लिए, सुहागन ने स्वयं को दुल्हन सा सजाया है, बालों में लगा कर भीनी भीनी खुशबू का गजरा, चमकती लाल बिंदिया से क्या माथा चमकाया है, कानो में झुमके...







  • मन : हार जीत

    मन : हार जीत

    मन हारा तो मैँ हारा मन जीता तो मैँ जीता पल पल क्षण क्षण जीवन संग्राम, मन के बाहुबल मेँ बीता। खंड खंड हो गयी चेतना, तार तार जब मेरी वेदना, कौन अपना कौन पराया, खुला...

कविता