कुण्डली/छंद

मंगल बेला

दीप जले हैं अनगिन तेजस, चहुँ दिशि फैला उजियारा,

माता रानी के स्वागत में, हर्षित, पुलकित जग सारा,

उत्सव उमंग, उल्लास भरा, माता दर्शन अभिलाषा~

बेला मंगल दुर्गोत्सव की, ज्योतिर्मय हिय शुभकारा।।

*चंचल जैन

मुलुंड,मुंबई ४०००७८

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