सामाजिक

सामाजिक

सिस्टम की आग में जलते मजदूर, प्रगति का स्वांग कब तक?

जब रोज़ी-रोटी कमाने निकले हाथ आग की लपटों में खो जाएं, तब हादसे सिर्फ दुर्घटनाएं नहीं, व्यवस्था की नाकामी का आईना बन

Read More
सामाजिक

गर्मियों की छुट्टियों का मतलब हर किसी के लिए अलग होता है

गर्मियों की छुट्टियाँ वर्ष का वह समय होती हैं जिसका इंतजार बच्चे, शिक्षक और परिवार के अन्य सदस्य बड़ी उत्सुकता

Read More
सामाजिक

मरीज, मशीन और हैकर: स्वास्थ्य व्यवस्था का नया संकट

अस्पतालों की सुरक्षा की पारंपरिक तस्वीर बदल रही है। आज स्वास्थ्य सेवाएँ इंटरनेट, डेटा और कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर आधारित हैं। मरीज

Read More
सामाजिक

विकास की चकाचौंध में गुम बेघर लोगों के सपने”।

भारत आज दुनिया की सबसे तेजी से विकसित होती अर्थव्यवस्थाओं में गिना जाता है। महानगरों में ऊँची-ऊँची इमारतें, चौड़ी सड़कें,

Read More