उपन्यास अंश

उपन्यास : देवल देवी (कड़ी 31)

28. अपवित्र उद्देश्य

राजकुमारी देवलदेवी को अपने हरम में लाने के लिए कामुक सुल्तान ने नायब मलिक काफूर और अजिरे मुमालिक हाजी ख्वाजा को एक अजीम लश्कर की कमान सौंपकर दक्खन की जानिब रवाना किया। उसने एक खत गुजरात के सूबेदार अल्प खाँ को भी लिखा। जिसमें उसने अल्प खाँ को मलिक काफूर की मदद करने का हुक्म दिया।

काफूर तीव्र गति से देवगिरी की तरफ बढ़ा। उसके लश्कर के घुड़सवारों की टापों से इतनी धूल उड़ती कि कभी-कभी घनघोर दोपहर में भी रात का अंदेशा हो जाता। यूँ काफूर एक लाख से भी ज्यादा तलवारबाज लेकर पलक झपकते दक्खन की सरहद पर पहुँच गया।

सुल्तान का हुक्म मिलते ही गुजरात का गर्वनर अल्प खाँ सोलह हजार घुड़सवार लेकर देवगिरी की जानिब लपका, और वह काफूर से पहले ही वहाँ पहुँच गया।

इस मुस्लिम सेना का उद्देश्य दक्खन में इस्लाम का परचम बुलंद करना, बुतपरस्ती का नाश करने और बलात्कार के लिए युवतियों को पकड़ना था। दुर्भाग्य से इस दानवी सेना का संचालन वह कर रहा था जो अपने पूर्व जीवन में हिंदू रह चुका था।

*सुधीर मौर्य

नाम - सुधीर मौर्य जन्म - ०१/११/१९७९, कानपुर माता - श्रीमती शकुंतला मौर्य पिता - स्व. श्री राम सेवक मौर्य पत्नी - श्रीमती शीलू मौर्य शिक्षा ------अभियांत्रिकी में डिप्लोमा, इतिहास और दर्शन में स्नातक, प्रबंधन में पोस्ट डिप्लोमा. सम्प्रति------इंजिनियर, और स्वतंत्र लेखन. कृतियाँ------- 1) एक गली कानपुर की (उपन्यास) 2) अमलतास के फूल (उपन्यास) 3) संकटा प्रसाद के किस्से (व्यंग्य उपन्यास) 4) देवलदेवी (ऐतहासिक उपन्यास) 5) माई लास्ट अफ़ेयर (उपन्यास) 6) वर्जित (उपन्यास) 7) अरीबा (उपन्यास) 8) स्वीट सिकस्टीन (उपन्यास) 9) पहला शूद्र (पौराणिक उपन्यास) 10) बलि का राज आये (पौराणिक उपन्यास) 11) रावण वध के बाद (पौराणिक उपन्यास) 12) मणिकपाला महासम्मत (आदिकालीन उपन्यास) 13) हम्मीर हठ (ऐतिहासिक उपन्यास) 14) इंद्रप्रिया (ऐतिहासिक उपन्यास) 15) छिताई (ऐतिहासिक उपन्यास) 16) सिंधुसुता (ऐतिहासिक उपन्यास) 17) अधूरे पंख (कहानी संग्रह) 18) कर्ज और अन्य कहानियां (कहानी संग्रह) 19) ऐंजल जिया (कहानी संग्रह) 20) एक बेबाक लडकी (कहानी संग्रह) 21) हो न हो (काव्य संग्रह) 22) पाकिस्तान ट्रबुल्ड माईनरटीज (लेखिका - वींगस, सम्पादन - सुधीर मौर्य) पुरस्कार - कहानी 'एक बेबाक लड़की की कहानी' के लिए प्रतिलिपि २०१६ कथा उत्सव सम्मान। ईमेल ---------------sudheermaurya1979@rediffmail.com

One thought on “उपन्यास : देवल देवी (कड़ी 31)

  • विजय कुमार सिंघल

    बढ़िया..!

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