वर्ण पिरामिड- गंगा
1.
माँ
गंगे
जय हो
भागीरथी
पापनाशिनी
हे भवतारिणी
तेरा जल निर्मल।
2.
माँ
गंगा
पावन
तेरा जल
अमृत सम
मोक्षदायिनी
भव से तार दे
जीवन संवार दे।
3.
माँ
गंगा
की धारा
शीतल है
अमृत सम
नीर है इसका
पावन पापनाशी।
— लीला तिवानी
1.
माँ
गंगे
जय हो
भागीरथी
पापनाशिनी
हे भवतारिणी
तेरा जल निर्मल।
2.
माँ
गंगा
पावन
तेरा जल
अमृत सम
मोक्षदायिनी
भव से तार दे
जीवन संवार दे।
3.
माँ
गंगा
की धारा
शीतल है
अमृत सम
नीर है इसका
पावन पापनाशी।
— लीला तिवानी