देश
गर्व सदा हो आपको, अपना मानो देश।
जैसा अपना राष्ट्र है, अब वैसा परिवेश।
मनन आप भी कीजिए, देवें ये सौगात-
माथ राष्ट्र का उच्च हो, दूर रहे सब क्लेश।।
लोकतांत्रिक देश है, भारत की पहचान।
हम चुनते सरकार हैं, अपना देश महान।
विश्व पटल के शिखर पर, चढ़ता जाता राष्ट्र-
नित्य नई उपलब्धियाँ, करतीं इसका गान।।
देश भक्ति की भावना, करते सब गुणगान।
पावन मंगल साधना, बनी हुई पहचान।
अर्थ धर्म के संग में, संवेदना सुचार-
योग्य नेतृत्व हाथ में, दुनिया करें बखान।।
