कविता

हिंदी दिवस

जन जन की भाषा हिंदी है
हिंदी में ही साहित्य काव्य है
वर्तनी,व्याकरण हिंदी में है
रामायण गीता हिंदी में है

तुलसी,सुर के ग्रंथ हिंदी में है
कबीर,रहीम के दोहे हिंदी में है
हर काम होता हिंदी में है
भाव व्यक्त होते हिंदी में है
सारे इतिहास हिन्दी में है
वेद पुराण गीता हिंदी में है

हिंदी हमारी प्यारी भाषा है
हिंदी हमारा अभिमान है
राजभाषा का मिला मान है
हिंदी में सब होते काम है

हिंदी हमारी संस्कृति है
विदेशों में हिंदी का मान है
हर देशवासी का गौरव है
कवियों का यह अभिमान है.

— पूनम गुप्ता

पूनम गुप्ता

मेरी तीन कविताये बुक में प्रकाशित हो चुकी है भोपाल मध्यप्रदेश