परंपरा का पक्ष
हाँ, मैं परंपरा हूँ।वही परंपरा , जिससे तुम कभी प्रश्न करते हो,कभी संदेह की दृष्टि से देखते हो,कभी मुझे अतीत
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Read Moreतुम्हें बहुत लिखना है मुझे बहुतों को तुम्हें भुख से मरने वालों की संख्या मुझे कारण । तुम्हें बलात्कार का सरकारी
Read Moreमैंने भूख लिखा फिर भी न लिख सका वह ‘ भूख ‘ जो उसे लगी थी ! मेरे भूख में
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