कविता

सलमा और कृष्ण

लौटा लाऊंगा मैं
तुम्हे,
मेरे सर्वग्रासी प्रेम
गंगा की लहरो
को बाँध लूंगा
तुम्हारे दिए
रुमाल के कोने में
कर दूंगा उस जल से अभिषेक
प्रेम के प्रतीक
योनि और शिवलिंग का
बांध दूंगा
मंदिर के किनारे
तुम्हे मागने वाला
मन्नत का धागा
देखूंगा राह
अपनी दोनों आँखों से
गाँव आने वाले
हर रास्ते का
तोड़ दूंगा
मज़हब की रवायत
करूँगा तुम्हे प्रेम
तुम्हारा नाम जाने बिना
लोग पुकारेंगे हमें
सलमा और कृष्ण के नाम से
लौट आओ
ओ मेरे
सर्वग्रासी प्रेम।

–सुधीर मौर्य

*सुधीर मौर्य

नाम - सुधीर मौर्य जन्म - ०१/११/१९७९, कानपुर माता - श्रीमती शकुंतला मौर्य पिता - स्व. श्री राम सेवक मौर्य पत्नी - श्रीमती शीलू मौर्य शिक्षा ------अभियांत्रिकी में डिप्लोमा, इतिहास और दर्शन में स्नातक, प्रबंधन में पोस्ट डिप्लोमा. सम्प्रति------इंजिनियर, और स्वतंत्र लेखन. कृतियाँ------- 1) एक गली कानपुर की (उपन्यास) 2) अमलतास के फूल (उपन्यास) 3) संकटा प्रसाद के किस्से (व्यंग्य उपन्यास) 4) देवलदेवी (ऐतहासिक उपन्यास) 5) माई लास्ट अफ़ेयर (उपन्यास) 6) वर्जित (उपन्यास) 7) अरीबा (उपन्यास) 8) स्वीट सिकस्टीन (उपन्यास) 9) पहला शूद्र (पौराणिक उपन्यास) 10) बलि का राज आये (पौराणिक उपन्यास) 11) रावण वध के बाद (पौराणिक उपन्यास) 12) मणिकपाला महासम्मत (आदिकालीन उपन्यास) 13) हम्मीर हठ (ऐतिहासिक उपन्यास) 14) इंद्रप्रिया (ऐतिहासिक उपन्यास) 15) छिताई (ऐतिहासिक उपन्यास) 16) सिंधुसुता (ऐतिहासिक उपन्यास) 17) अधूरे पंख (कहानी संग्रह) 18) कर्ज और अन्य कहानियां (कहानी संग्रह) 19) ऐंजल जिया (कहानी संग्रह) 20) एक बेबाक लडकी (कहानी संग्रह) 21) हो न हो (काव्य संग्रह) 22) पाकिस्तान ट्रबुल्ड माईनरटीज (लेखिका - वींगस, सम्पादन - सुधीर मौर्य) पुरस्कार - कहानी 'एक बेबाक लड़की की कहानी' के लिए प्रतिलिपि २०१६ कथा उत्सव सम्मान। ईमेल ---------------sudheermaurya1979@rediffmail.com

One thought on “सलमा और कृष्ण

  • विजय कुमार सिंघल

    कविता कुछ में समझ में नहीं आई ! जरा स्पष्ट करें.

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