लव जिहाद
तुम
मांगती हो आज़ादी
लव जिहाद में
शिकार हो जाने की
सभी धर्मो के समान होने की
दुहाई देकर
और वो पर क़तर देते है तुम्हारे
तुम्हारा शिकार करने के बाद
अपने धर्म के नाम पर।
–सुधीर मौर्य
तुम
मांगती हो आज़ादी
लव जिहाद में
शिकार हो जाने की
सभी धर्मो के समान होने की
दुहाई देकर
और वो पर क़तर देते है तुम्हारे
तुम्हारा शिकार करने के बाद
अपने धर्म के नाम पर।
–सुधीर मौर्य
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अच्छी कविता. आपने लव जिहाद की असलियत को उजागर किया है.
ji sir, aabhar..
बहुत खूब .
aabhar sir ji..