कविता

स्वामी विवेकानन्द जी

ज्ञान का उजियारा फैलाया!
भारत का भगवा फहराया!
देश का अपने गौरव बड़ाया!
ज्ञान का दीप ऐसा जलाया!
भूल न कोई उनको पाया!
जीवन को सार्थक बनाया!
समाज में नया जोश जगाया!
सबमें इक अलख जगाया!
सत सत नमन दिल गाया!
महापुरुष का पद पाया!!!

— कामनी गुप्ता ***

कामनी गुप्ता

माता जी का नाम - स्व.रानी गुप्ता पिता जी का नाम - श्री सुभाष चन्द्र गुप्ता जन्म स्थान - जम्मू पढ़ाई - M.sc. in mathematics अभी तक भाषा सहोदरी सोपान -2 का साँझा संग्रह से लेखन की शुरूआत की है |अभी और अच्छा कर पाऊँ इसके लिए प्रयासरत रहूंगी |