कविता

कविता : ना किसी का अंधभक्त हूँ

ना किसी का अंधभक्त हूँ
ना किसी पार्टी विशेष का
मै तो छोटा चारण हूँ
अपने प्यारे भारत देश का

राष्ट्रवाद की जो बात करेगा
उसकी लय मै बोलूगा
गद्दारों का जो नाश करेगा
उसकी जय मै बोलूगा

भ्रष्टाचार की कड़ी धूप में
मोदी जी ने छाव दिया है
दहशत मे हैं काले चेहरे
अबकी ऐसा दाव दिया है

सड़कों और कब्रिस्तान में
नोट पाए जा रहे हैं
फाड़े कुछ जा रहे और
कुछ जलाए जा रहे हैं

जाली नोट छापने वाली
मशीनें बेकार पड़ गयीं
नेताओं की एक बड़ी जमात
सदमे से बीमार पड़ गयीं

उग्रवाद पे लात पड़ी है
रियल स्टेट रो रहा है
फीका अबकी चुनाव रहेगा
यूपी में जो हो रहा है

पाकिस्तान के लिए ये कदम
तेज करेन्ट जैसे होगा
देखना है पत्थरबाजों को
अब पेमेन्ट कैसे होगा

गर्जन – मर्दन यूँ ही रख के
अच्छा परिवेश बना दो मोदी जी
रहे ना कोई बेबस – लाचार
ऐसा देश बना दो मोदी जी

डॉ० शरदेन्दु कुमार त्रिपाठी

डॉ. शरदेन्दु कुमार त्रिपाठी

जन्म 10.07.1981 को ग्राम चरौवां, जिला बलिया उ.प्र. में इंटर तक की पढ़ाई डीएवी इंटर कालेज, बिल्थरा रोड, बलिया से। बी.ए. तथा प्राचीन भारतीय इतिहास में एम.ए. और पीएच.डी. लखनऊ विश्वविद्यालय से। इतिहास विषय में राज्यस्तरीय पात्रता परीक्षा (SLET) तथा राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (NET) भी उत्तीर्ण कीं। पश्चात् अवध विश्वविद्यालय से मध्यकालीन और आधुनिक इतिहास में एम.ए. किया। सम्प्रति लखनऊ के एक डिग्री कालेज में इतिहास के प्रवक्ता पद पर कार्यरत। किताब, शोध पत्र और कवितायें प्रकाशित। मंचों पर भी काव्यपाठ करते हैं। मो. नं. 8299546343 ईमेल- shardendu.t@gmail.com