हाइकु/सेदोका

दिल का रिश्ता

तेरी खामोशी में,
छिपा है मेरा सुर भी —
मन गुनगुनाता।

भोर की किरणें,
तेरे नाम से चमकें —
दिन मुस्कुराए।

साँसों की डोरी,
तेरे संग बंधी ऐसी —
टूटे ना कभी।

पलकों के साये,
तेरे सपनों से महके —
नींद फूल बनें।

बारिश की बूँदें,
तेरे स्पर्श सी लगें —
मन भीग जाए।

धूप का आँचल,
तेरे स्नेह को ओढ़े —
छाँव बन जाए।

पंछी की उड़ान,
तेरे अरमानों सी है —
आसमान बोले।

दिल का ये रिश्ता,
ना शब्दों का मोहताज —
बस आत्मा जाने।

— डॉ. अशोक, पटना

डॉ. अशोक कुमार शर्मा

पिता: स्व ० यू ०आर० शर्मा माता: स्व ० सहोदर देवी जन्म तिथि: ०७.०५.१९६० जन्मस्थान: जमशेदपुर शिक्षा: पीएचडी सम्प्रति: सेवानिवृत्त पदाधिकारी प्रकाशित कृतियां: क्षितिज - लघुकथा संग्रह, गुलदस्ता - लघुकथा संग्रह, गुलमोहर - लघुकथा संग्रह, शेफालिका - लघुकथा संग्रह, रजनीगंधा - लघुकथा संग्रह कालमेघ - लघुकथा संग्रह कुमुदिनी - लघुकथा संग्रह [ अन्तिम चरण में ] पक्षियों की एकता की शक्ति - बाल कहानी, चिंटू लोमड़ी की चालाकी - बाल कहानी, रियान कौआ की झूठी चाल - बाल कहानी, खरगोश की बुद्धिमत्ता ने शेर को सीख दी , बाल लघुकथाएं, सम्मान और पुरस्कार: काव्य गौरव सम्मान, साहित्य सेवा सम्मान, कविवर गोपाल सिंह नेपाली काव्य शिरोमणि अवार्ड, पत्राचार सम्पूर्ण: ४०१, ओम् निलय एपार्टमेंट, खेतान लेन, वेस्ट बोरिंग केनाल रोड, पटना -८००००१, बिहार। दूरभाष: ०६१२-२५५७३४७ ९००६२३८७७७ ईमेल - ashokelection2015@gmail.com