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युग परिवर्तन की शताब्दी : साधना, शक्ति और संकल्प का त्रिवेणी संगम

नव वर्ष 2026 केवल एक नया कैलेंडर वर्ष नहीं, बल्कि युग परिवर्तन के शताब्दी संकल्प का द्वार है। यह वर्ष अखिल विश्व गायत्री परिवार के इतिहास में साधना, शक्ति और संकल्प के उस दिव्य त्रिवेणी संगम का साक्षी बनने जा रहा है, जिसने बीते सौ वर्षों से मानव चेतना को दिशा दी है।
सन् 1926 में प्रज्वलित अखंड दीप आज शताब्दी की देहरी पर खड़ी है। यह दीप केवल एक दीपक नहीं, बल्कि निरंतर जागरण, अविचल संकल्प और अंधकार से संघर्ष का प्रतीक है। अखिल विश्व गायत्री परिवार के संस्थापक , वेदमूर्ति, युगऋषि, तपोनिष्ठ , परम पूज्य गुरुदेव पं. श्रीराम शर्मा आचार्य जी द्वारा प्रज्वलित यह दीप सौ वर्षों से यह संदेश दे रही है कि सच्चा परिवर्तन सतत साधना और पवित्र विचारों से जन्म लेता है। यह ज्योति बताती है कि परिवर्तन शोर से नहीं, निरंतर जलते रहने वाले संकल्प से आता है। सौ वर्षों से यह दीपक मानव चेतना को यह संदेश दे रहा है कि जब विचार पवित्र हों, तो समाज स्वयं प्रकाशित होने लगता है।
इसी ज्योति के केंद्र में है परम पूज्य गुरुदेव की शतवर्षीय साधना—एक ऐसी साधना जो व्यक्तिगत मोक्ष तक सीमित नहीं रही, बल्कि युग साधना बनकर मानवता के उत्थान का माध्यम बनी। बाल्यकाल से आरंभ हुई यह तपश्चर्या जीवन-यज्ञ में परिवर्तित हो गई, जिसने विचार क्रांति और युग निर्माण आंदोलन को जन्म दिया।
इस विराट साधना को अंतःशक्ति प्रदान करने वाली थीं परम वंदनीया माता जी — वंदनीया भगवती देवी शर्मा जी — जिनकी जन्म शताब्दी का दिव्य ,पावन एवं पवित्र अवसर है। माता जी का मौन तप, आजीवन त्याग और अविराम सेवा नारी शक्ति के उस उच्चतम आदर्श का प्रतिनिधित्व करता है, जिसके बिना किसी भी युग परिवर्तन की कल्पना अधूरी है। उन्होंने अपने जीवन से यह सिद्ध किया कि सच्ची शक्ति प्रदर्शन में नहीं, बल्कि समर्पण, संयम और साधनामय जीवन में निहित होती है। माता जी की साधना ने युग निर्माण आंदोलन को वह आंतरिक दृढ़ता प्रदान की, जिसने उसे सतत और प्रभावी बनाए रखा।
अखंड ज्योति की शताब्दी, माता जी की जन्म शताब्दी और गुरुदेव की साधना के सौ वर्ष—इन तीनों का यह दिव्य संगम हमें नव वर्ष 2026 में यह संकल्प लेने का आह्वान करता है कि हम अपने भीतर भी एक अखंड ज्योति जलाएँ। यह नव वर्ष केवल शुभकामनाओं का आदान-प्रदान न बने, बल्कि चरित्र निर्माण, आत्मशुद्धि और समाज सेवा का आरंभ बिंदु बने।
आइए, इस नव वर्ष 2026 में हम सब मिलकर यह संकल्प लें—
स्वयं को साधेंगे, समाज को सँवारेंगे और युग परिवर्तन के सहभागी बनेंगे।

— विशाल सोनी

विशाल सोनी

शिक्षा-MCA पेशा- शिक्षक वैशाली (बिहार) 8051126749