कविता

कविता – उत्कृष्ट उत्कर्ष नववर्ष

नूतन भावनाएं, कामनाएं
नवीन नवनीत नव वर्ष ।
मिले हार्दिक शुभकामनाएं
लाता है कितना संग हर्ष ।।

सुख – समृध्दि का उत्कर्ष
बनाने हर पल सरल सरस।
विकास पथ पर चलें जन
छूटे काम पूरे हो इस वर्ष ।।

फैले उजियारा समरस का
छुए हम सफलता का अर्श ।
खुशहाल रहे जन-मानस
उत्कृष्ट, उत्कर्ष लाएं नववर्ष।।

— गोपाल कौशल भोजवाल

गोपाल कौशल "भोजवाल"

नागदा जिला धार मध्यप्रदेश 99814-67300