चमचा बन जा
मौका मिलते ही तू तन जा ,
नेता जी का चमचा बन जा।
मंत्री जी के कुछ तो होंगे ,
उन चमचों के चमचा बन जा।
अगर मलाई नहीं मिले तो ,
खुरचन खातिर चमचा बन जा।
रिश्वत खा कर जनसेवा कर ,
खुद्दारी तज चमचा बन जा।
नाम मिलेगा इज्जत होगी
पर पहले तू चमचा बन जा।
— महेंद्र कुमार वर्मा
