कविता

पिता से ज्यादा अमीर दुनिया में कोई नहीं

हाथ का स्पर्श,
साया बनकर ढाँकता है,
स्नेह की गर्मी।

रात की चुप्पी,
सपनों को सजाता है,
ममता की छाया।

पहली सीढ़ी,
चलना सिखाए धैर्य से,
सफलता पाये।

मुस्कान उसकी,
तनाव को दूर भगाए,
मन को शांति दे।

ज्ञान का दीपक,
राह दिखाए अंधेरों में,
जागे उम्मीद।

संकट की घड़ी,
हौसला देकर संभाले,
साहस जगाए।

जीवन की राह में,
अनमोल अनुभव बाँटे,
ज्ञान की धारा।

कदमों की छाप,
सपनों को मार्ग दिखाए,
विश्वास बढ़ाए।

साथ चलने वाला,
अनजाना लेकिन सशक्त,
सपनों का साथी।

स्नेहिल स्पर्श,
अभावों में धन दे,
हृदय अमीर।

समय की कीमत,
सबक देकर सिखाए,
संघर्ष की राह।

सपनों की उड़ान,
संरक्षण का पंख दे,
विश्वास अडिग।

बचपन की यादें,
स्नेह के खजाने बनें,
दिल में बसे।

संघर्ष की सीख,
जीवन में दिशा दिखाए,
अनमोल उपहार।

— डॉ. अशोक, पटना

डॉ. अशोक कुमार शर्मा

पिता: स्व ० यू ०आर० शर्मा माता: स्व ० सहोदर देवी जन्म तिथि: ०७.०५.१९६० जन्मस्थान: जमशेदपुर शिक्षा: पीएचडी सम्प्रति: सेवानिवृत्त पदाधिकारी प्रकाशित कृतियां: क्षितिज - लघुकथा संग्रह, गुलदस्ता - लघुकथा संग्रह, गुलमोहर - लघुकथा संग्रह, शेफालिका - लघुकथा संग्रह, रजनीगंधा - लघुकथा संग्रह कालमेघ - लघुकथा संग्रह कुमुदिनी - लघुकथा संग्रह [ अन्तिम चरण में ] पक्षियों की एकता की शक्ति - बाल कहानी, चिंटू लोमड़ी की चालाकी - बाल कहानी, रियान कौआ की झूठी चाल - बाल कहानी, खरगोश की बुद्धिमत्ता ने शेर को सीख दी , बाल लघुकथाएं, सम्मान और पुरस्कार: काव्य गौरव सम्मान, साहित्य सेवा सम्मान, कविवर गोपाल सिंह नेपाली काव्य शिरोमणि अवार्ड, पत्राचार सम्पूर्ण: ४०१, ओम् निलय एपार्टमेंट, खेतान लेन, वेस्ट बोरिंग केनाल रोड, पटना -८००००१, बिहार। दूरभाष: ०६१२-२५५७३४७ ९००६२३८७७७ ईमेल - ashokelection2015@gmail.com