कुण्डली
आया है तो जायगा, राजा रंक फकीर
चाहे हिडमा नक्सली,या आतंकी मीर
या आतंकी मीर, जगत को दहलाएगा
लिखकर रख लो आज, उमर कम ही पाएगा
कह सुरेश कविराय न कोई बच पाया है
देश विरोधी सोच लिए जो भी आया है
— सुरेश मिश्र
आया है तो जायगा, राजा रंक फकीर
चाहे हिडमा नक्सली,या आतंकी मीर
या आतंकी मीर, जगत को दहलाएगा
लिखकर रख लो आज, उमर कम ही पाएगा
कह सुरेश कविराय न कोई बच पाया है
देश विरोधी सोच लिए जो भी आया है
— सुरेश मिश्र