हाइकु/सेदोका

हायकु 

सुर संगीत,

आनंद अनुभूति,

महके प्रीत।।

प्रभात बेला,

नाचे मनमयूर,

जीवन मेला।।

रंग सुहाने,

मनभावन सारे,

छंद तराने।।

बादल काले,

घटाएँ घनघोर,

नेह हिंडोले।।

देहरी पार,

संग चली सजनी,

प्रीत मोहिनी।।

*चंचल जैन

मुलुंड,मुंबई ४०००७८

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