लघुकथा

सीख

घर के बाहर नुक्कड़ पर परी जैसे कपड़े पहने एक छोटी सी बहुत ही प्यारी बच्ची खड़ी थी वही एक पान की दुकान थी जो कोई भी वहां से सिगरेट लेता उससे कहती अंकल मुझे भी एक सिगरेट दिला दो प्लीज सिगरेट बड़े शौक से पीने वाले उसे डाँटते और ‘सिगरेट बुरी चीज़ हैं’ की नसीहत जरुर देते […]

कहानी

हकीकत

एक बार खाली सी शाम थी तो यूंही टहलने निकल पड़ा..बाज़ार शुरु होते ही चमचमाती लाइटें..गोलगप्पे खाती महिलाये..खोखे के पीछे छिपकर..सुट्टा लगाते कुछ लड़के..सपरिवार शापिंग..करके कारों में आते-जाते लोग..चाय की चुस्कियां लगाते ऑफिस..गोइंग पर्सन्स..एक दूसरे के आगे-पीछे भागती जिंदगियां… सब कितना अपना सा लगता है और कभी-कभी बेगाना भी. टहलते-टहलते सोचा कि आज घर पर […]

कविता

मृत्यु वर्णन

किसी शायर ने अपनी अंतिम यात्रा का क्या खूब वर्णन किया है….. था मैं नींद में और मुझे इतना सजाया जा रहा था…. बड़े प्यार से मुझे नहलाया जा रहा था…. ना जाने था वो कौन सा अजब खेल मेरे घर में…. बच्चो की तरह मुझे कंधे पर उठाया जा रहा था…. था पास मेरा […]

कविता

शहीद दिवस

उदयपुर के एक नौजवान कवि हैं “आशीष देवल” जी….उनकी ये रचना मुझे बहुत पसंद है…आज कारगिल शहीद दिवस है सो साझा कर रहा हूँ- – सीमा पे एक जवान जो शहीद हो गया, संवेदनाओं के कितने बीज बो गया, तिरंगे में लिपटी लाश उसकी घर पे आ गयी, सिहर उठी हवाएँ, उदासी छा गयी, तिरंगे […]

राजनीति

देश की सुरक्षा का मुद्दा सर्वोपरि

दुनिया में एक देश ऐसा भी है जिसके चारों ओर दुश्मन देश है लेकिन फिर भी किसी कि हिम्मत नहीं होती कि उस देश पर कब्जा कर सके या उन्हे कोई नुकसान पहुंचा सके l वो देश है इजरायल l फिलिस्तीन के कुछ अतंकियों ने उनके देश के २ बच्चो को मारा, बदले में उन्होने […]

सामाजिक

प्रकृति की सीख

बाज लगभग ७० वर्ष जीता है, पर अपने जीवन के ४०वें वर्ष में आते आते उसे एक महत्वपूर्ण निर्णय लेना पड़ता है। उस अवस्था में उसके शरीर के तीन प्रमुख अंग निष्प्रभावी होने लगते हैं। पंजे लम्बे और लचीले हो जाते है और शिकार पर पकड़ बनाने में अक्षम होने लगते हैं। चोंच आगे की […]

सामाजिक

देश की जनता की मानसिकता में बदलाव

1965 में पाकिस्तान के साथ युद्ध के दौरान जब देश पर आर्थिक संकट आया था उस समय देश के प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री जी ने देश के किसानों से अधिक से अधिक खेती करके अपने देश को अनाज के लिये आत्मनिर्भर बनाने की अपील की थी और जनता को सप्ताह में केवल एक बार ब्रत […]

राजनीति

देश के अंदर के दुश्मन

कश्मीर के सोपोर में लश्कर ए तय्यबा का एरिया कमांडर मारा गया था, इस बात से नाराज होकर वहाँ के लोगों के पुलिस पर पथराव किया l पुलिस ने बचने के लिये फायरिंग कर दी जिसमें एक शांतिदूत की मौत हो गयी l एक आतंकी के मारे जाने पर जो लोग अपने देश की पुलिस […]