कविता

कविता

सोचता हूं…

पश्चिमी सभ्यता की दहलीज पर बैठा हुआ

पूर्व का यह आदमी 

भीतर जो कभी भरा पूरा हुआ करता था

एकदम खाली कैसे हो गया 

उसके भीतर से पुरखों का रक्त सूख गया 

या उसके भीतर कोई 

मोहभंग का विषैला पौधा उग आया।

आज वह जिस तरह खोखली चकाचौंध को 

दोनों हाथों से बटोरने में लगा है 

लगता है उसे न तो पुरखों की हिदायतों का 

निर्मल जल मिला है 

और न ही संस्कारों की छांव।

वह अपने पुरखों के सारे आदर्श 

आज फिर ताक पर रखकर आ गया है 

इस अनचाही दहलीज पर जहां भौतिकवाद 

अतृप्त वासनाएं अंजलि भर भर कर बांट रहा है। 

आदमी की झोली भर जाने के बाद भी ये अतृप्त 

वासनाएं पूरा होने का नाम नहीं लेतीं

और भीतर से यह खोखला आदमी

भरा पूरा होने के लिए 

न जाने कितनी बैसाखियां कंधे पर उठाए 

दर-दर भटक रहा है। 

उसे अपने पुरखों की याद क्यों नहीं आती 

उनकी नसीहतें अब उसके काम क्यों नहीं आती 

सिद्धांतों से भरी  भारी भरकम पोथियां 

उसका इस अतृप्त भटकन में मार्गदर्शन क्यों नहीं करतीं 

मैं सोचता हूं आदमी के इस भीतरी खोखलेपन पर

कोई कविता क्यों नहीं लिखता….।

— अशोक दर्द

*अशोक दर्द

जन्म –तिथि - 23- 04 – 1966 माता- श्रीमती रोशनी पिता --- श्री भगत राम पत्नी –श्रीमती आशा [गृहिणी ] संतान -- पुत्री डा. शबनम ठाकुर ,पुत्र इंजि. शुभम ठाकुर शिक्षा – शास्त्री , प्रभाकर ,जे बी टी ,एम ए [हिंदी ] बी एड भाषा ज्ञान --- हिंदी ,अंग्रेजी ,संस्कृत व्यवसाय – राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में हिंदी अध्यापक जन्म-स्थान-गावं घट्ट (टप्पर) डा. शेरपुर ,तहसील डलहौज़ी जिला चम्बा (हि.प्र ] लेखन विधाएं –कविता , कहानी , व लघुकथा प्रकाशित कृतियाँ – अंजुरी भर शब्द [कविता संग्रह ] व लगभग बीस राष्ट्रिय काव्य संग्रहों में कविता लेखन | सम्पादन --- मेरे पहाड़ में [कविता संग्रह ] विद्यालय की पत्रिका बुरांस में सम्पादन सहयोग | प्रसारण ----दूरदर्शन शिमला व आकाशवाणी शिमला व धर्मशाला से रचना प्रसारण | सम्मान----- हिमाचल प्रदेश राज्य पत्रकार महासंघ द्वारा आयोजित अखिल भारतीय कविता प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने के लिए पुरस्कृत , हिमाचल प्रदेश सिमौर कला संगम द्वारा लोक साहित्य के लिए आचार्य विशिष्ठ पुरस्कार २०१४ , सामाजिक आक्रोश द्वारा आयोजित लघुकथा प्रतियोगिता में देशभक्ति लघुकथा को द्वितीय पुरस्कार | इनके आलावा कई साहित्यिक संस्थाओं द्वारा सम्मानित | अन्य ---इरावती साहित्य एवं कला मंच बनीखेत का अध्यक्ष [मंच के द्वारा कई अन्तर्राज्यीय सम्मेलनों का आयोजन | सम्प्रति पता –अशोक ‘दर्द’ प्रवास कुटीर,गावं व डाकघर-बनीखेत तह. डलहौज़ी जि. चम्बा स्थायी पता ----गाँव घट्ट डाकघर बनीखेत जिला चंबा [हिमाचल प्रदेश ] मो .09418248262 , ई मेल --- ashokdard23@gmail.com