गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 21/12/2019 मर जाओगे एक दिन तुम भी मर जाओगे। मौत से बचकर किधर जाओगे। अपनों गैरों की बारातें । ये दुनियादारी की बातें। Read More
गीतिका/ग़ज़ल *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 21/12/2019 गजल फिर हृदय में कठिन वेदना है ,सखे! मुझको तन्हा इसे झेलना है ,सखे ! इसको समझेगा कोई भला किस तरह, Read More
कुण्डली/छंद *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 21/12/2019 कुंडली तुम आई न प्रियतमे, आई निष्ठुर शीत । शूल सरीखी शीत में,घायल मेरे गीत । घायल मेरे गीत ठिठुरते हैं Read More
गीतिका/ग़ज़ल *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 29/11/2019 गजल नशे में हूँ, कहाँ जाऊँ , साकी ? दो पहर तुझ संग बिताऊँ, साकी? हर तरफ आँधियाँ दिवानी हैं, दीप Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 28/11/2019 गीत कल्प सरीखे बीत रहे दिन । रातें कटती तारे गिन गिन । जैसे हरियाली बिन सावन । जैसे बिना कल्पना Read More
गीतिका/ग़ज़ल *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 24/11/2019 गजल [ गजल ] जुल्म की हद पे हमने की बगावत । गुलामी सी लगी,सहने की आदत । हम सलीके से Read More
गीतिका/ग़ज़ल *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 11/11/201911/11/2019 गजल शहर को हाय ये हुआ क्या है? हर जगह धुंध है धुआँ सा है । देखकर मेरी खुशी जलता है, Read More
गीतिका/ग़ज़ल *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 08/11/201909/11/2019 गजल अधरों पर मुस्कान नही है। जिंदा हूँ पर जान नही है । घोर अमा, तू दुखड़ो वाली ! तेरा कोई Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 02/06/2019 गीत हानि लाभ की गणना कर लें ; आ कर लें सब वारे न्यारे ! समय ! फेर दिन सुखद हमारे Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 26/05/2019 पीड़ा का गीत तुमको देखे युग गुजरा है । हाय प्रिये तुम दूर हो गये । हम कितने मजबूर हो गये । वक्त Read More