कुण्डली/छंद *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 08/03/2018 नारियाँ ममतामयी है रूप ,मातृशक्ति का स्वरूप, प्रेम नीर से जगत ,पखारती है नारियाँ । पीढ़ियाँ चला रही हैं, दीप नव Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 01/03/2018 होली मा होली मा कोई घोटाला करौ, होली मा एक दूजे पर कीचड़ डालौ, एक दूजे मा दोष निकालौ , राजनीति, मुँह Read More
मुक्तक/दोहा *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 28/02/201802/03/2018 दोहे १- गले मिलें हम भूलकर ,सारे कलुषित राग । बैर जला दें हम सभी ,हो होली की आग ।। २- Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 24/02/2018 एक दीप एक दीप मैं, घोर अमा के तम का नाश करूँ । आगे पीछे घोर अंधेरा । उस पर झंझावत का Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 16/02/2018 हे अलि ! हे अलि ! पिया अबहुँ नहि आये । यह अनंग का मीत निर्दयी ,उर तंत्री झनकाये । मौसम ने ली Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 27/01/2018 पछताओगे ! हाथ मलोगे, पछताओगे , अवसर बीते, क्या पाओगे ? क्रोध एक नाशक ज्वाला है। मारक गरलमयी हाला है । इसने Read More
मुक्तक/दोहा *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 24/01/2018 मुक्तक 1- कुर्सियों पर चढ़े लुटेरे हैं । हर तरफ अजगरों के घेरे हैं । शहर बिजली में चमकते होंगे, गाँव Read More
मुक्तक/दोहा *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 23/01/2018 मुक्तक १- हृदय के तार दर्द देतें हैं । दुख के अधिकार दर्द देतें हैं । वफादारों से दुश्मनी अच्छी , Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 12/01/201812/01/2018 गीत – क्यों ऊसर जमीन पर मैंने क्यों ऊसर जमीन पर मैंने, आशाओं के बीज बहाए ? मायामय कुरंग के पीछे, क्यों मन के तुरंग दौड़ाए ? Read More
गीत/नवगीत *डॉ. दिवाकर दत्त त्रिपाठी 30/12/201702/01/2018 अवधी गीत पीली चदरिया ओढ़े सरसो दिवानी । हरियर हरियर गेंहूँ उपजा ,खेत खेत हरियाये । हवा करै बालों मे कंघी Read More