गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 15/10/202615/10/2026 ग़ज़ल छोड़िए अब तिलमिलाहटसाथ रखिए मुस्कुराहट आ करो फिर से चरागांता यहाँ हो जगमगाहट उसके छूने से मुझे क्यूँहो रही है सनसनाहट बद ज़बानी Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 18/09/202618/09/2026 ग़ज़ल कहीं ग़म हज़ारों कहीं हर ख़ुशी है।यही ज़िन्दगी है यही ज़िन्दगी है। महज लफ्ज़ अच्छे नहीं यार काफी,दिलों को जो Read More
मुक्तक/दोहा *हमीद कानपुरी 14/09/202614/09/2026 हिन्दी अपनी भाषा श्रेष्ठ है, रखिए उसका मानहिन्दी में हासिल करें, दुनिया भर का ज्ञान अंग्रेजी में बोल कर , नहीं बघारो शानअंग्रेजी दे सकती नहीं, कभी आत्म Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 05/09/202605/09/2026 ग़ज़ल फासला बीच में बपा ने करोभाई को भाई से जुदा न करो बेवफा व्यक्ति से मिला न करोभूल कर साथ Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 03/09/202603/09/2026 ग़ज़ल मुड़ के पीछे न इक नज़र देखादाँव अपना जो बे असर देखा कथनी करनी में फ़र्क हो जिनकीउनका भाषण डगर Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 19/08/202619/08/2026 ग़ज़ल वक़्त के साथ बदलना सीखोवक्त के साथ ही चलना सीखो मान सम्मान की चाहत है गररात में दीप सा जलना Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 17/08/202617/08/2026 ग़ज़ल चखता आखिर कब वो नफ़रतउल्फ़त की जो जाने लज़्ज़त छोड़ो यारों अब वो आदतजिसके कारण बिगड़ी हालत चीज़ हमेशा मिल Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 07/08/202607/08/2026 ग़ज़ल बात बिल्कुल सहीआप ने जो कहीमत जमाओ दहीकुछ करो बतकहीसच नबी जानतेजिन पे उतरी वहीकर्ज़ लेना नहींखोलना मत बहीदान गुम Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 06/08/202606/08/2026 ग़ज़ल अजी नाहक डराया जा रहा हैसितम बच्चों पे ढाया जा रहा है पुराने को भगाया जा रहा हैनये अफसर को Read More
गीतिका/ग़ज़ल *हमीद कानपुरी 29/07/202629/07/2026 ग़ज़ल अराजकता सियासत हो गयी क्याबदज़बां अब रियासत हो गयी क्या नयी कोई इबारत हो गयी क्याखड़ी उम्दा इमारत हो गयी Read More