दोहा मुक्तक
मर्यादा मर्यादा का अब कहाँ, रखता मानव ध्यान।कारण वो तो हो गया, आज बड़ा विद्वान।देख-देख कर सभ्यता, डरी हुई आज,कलयुग
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Read Moreबिहार चुनाव परिणामों से आहत एक बड़ी पार्टी के स्वनाम धन्य युवराज ने हार के कारणों की समीक्षा बैठक में राजनीति से संन्यास
Read Moreबिहार चुनाव परिणामों के बाद मित्र यमराज पहुँच गये मोदी जी के पास,बधाइयाँ दी, लड्डू खिलाया, माला पहनायाऔर बिना देर किए
Read Moreअभी-अभी मित्र यमराज आयेजाने क्यों थे, एकदम बौखलाए,मैंने कहा – क्या हुआ यारजो भागते हुए यहाँ आए।यमराज ने बताया –
Read Moreसरल, सहज, मृदुभाषी, बहुमुखी व्यक्तित्व की धनी कवयित्री मीनाक्षी सिंह की ‘इक तेरे भरोसे पे’ के रूप में तीसरा संग्रह
Read Moreआइए! फुर्सत में दिख रहे हैं,तो कुछ काम ही करते हैंफिर आज तो मुझे भी कोई काम नहीं हैतो चलो
Read Moreजीवन का लक्ष्य निर्धारित कीजिएउसके लिए किसी और पर आश्रित मत रहिए,ये जिंदगी आपकी हैतो फिर इसकी बागडोर अपने हाथ
Read Moreजयपुर में निवासी इंजीनियर पद से सेवानिवृत्त वरिष्ठ कवि श्रीकांत तैलंग तकनीकी पृष्ठभूमि के बावजूद साहित्य,समाज और संवेदना के क्षेत्र
Read Moreकल मेरे मित्र यमराज ने अजूबा काम किया मोदी जी को एक पत्र भेज दियापत्र की प्रतिलिपि मुझे भी उपलब्ध करा
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