Monthly Archives: May 2015


  • स्मृति के पंख – 8

    कुछ अरसा बाद गढ़ी कपूरा में भाई श्रीराम (बहन गोरज के पति) का कोई खास काम भी न था। बहन गोरज ने फैसला किया मरदान जाते हैं। एक तो बहनजी को सहारा मिल जायेगा, दूसरा काम...